कहीं आपका बच्चा ऑटिज्म का शिकार तो नही !

  • बच्चा गुमसुम दिखे तो न करें नजरंदाज
  • ऑटिज्म अवेयरनेस को लेकर किया गया कार्यक्रम

कानपुर ।
जीपी अवस्थी /सचिन तिवारी

आज संस्था भावना सोसायटी फॉर डिसएबल में ऑटिज्म अवेयरनेस एवं होली मिलन समारोह का आयोजन किया गया जिसमें संस्था की प्रेसिडेंट डॉक्टर जागृति सिंह ने सभी लोगों को ऑटिज्म के बारे में जानकारी दी । जब भी समाज में अकेला गुमसुम बच्चा दिखे तो उसे नजरअंदाज ना करें और हमारी तथा हमारे सभी समाज की जिम्मेदारी है कि ऐसे बच्चे के बारे में माता पिता किसी डॉक्टर से उचित सलाह अवश्य लें कि कहीं वह बच्चा ऑटिज्म तो नहीं।ऑटिज्म में अर्ली इंटरवेंशन के तहत कितनी जल्दी बच्चे का प्रशिक्षण शुरू करेंगे उतनी ही जल्दी हमें अच्छा रिजल्ट प्राप्त होगा।

संस्था के बच्चों ने संस्कृतिक कार्यक्रम प्रस्तुत किए जिसमें डाउन सिंड्रोम से प्रभावित बच्ची आकृति एवं हमारे अन्य दिव्यांग बच्चों ने जैसे कृष्णा ,जन्नत , युसूफ, सुहानी इन सभी बच्चों ने होली के कार्यक्रम में नृत्य प्रस्तुत किया।
विशिष्ट अतिथि बिजनेसमैन रजनीश पसरीचा जी ने बताया कि यह बच्चे भी समाज के कीमती धरोहर में से एक हैं इनका भी लालन-पालन उतने ही प्यार से करें जितने हम सभी सामान्य बच्चों का ध्यान रखते हैं यह बच्चे एक कोमल पुष्प की तरह है इनमें पानी नहीं देंगे तो यह आगे चलकर मुरझा जाएंगे इसलिए हमारी तथा समाज की सभी की जिम्मेदारी है कि ऐसी संस्थाओं के साथ मिलकर इन बच्चों की देखभाल की जाए। संस्था के चेयरमैन कुबेर तिवारी ने कार्यक्रम में भाग लेने वाले सभी बच्चों का उत्साहवर्धन किया ।

संस्था के सचिव नरेंद्र पांडे ने सभी का धन्यवाद दिया। कार्यक्रम में मुख्य रूप से रवीश तिवारी ,लव कुश कनौजिया, नीलू कुमार तथा संस्था के सभी बच्चों के साथ उनके माता-पिता भी उपस्थित रहे।

Back to top button
E-Paper