UP और केंद्र सरकार से देवबंद की माँग-‘दाढ़ी वाले सब-इंस्पेक्टर को जिस SP ने किया सस्पेंड, उसे निलंबित करो’

बीते दिन उत्तर प्रदेश के बागपत जिले के रमाला थाने में तैनात सब इंस्पेक्टर (एसआई) इंतसार अली को बिना अनुमति के दाढ़ी रखने के लिए निलंबित कर दिया गया। यह कार्रवाई पुलिस अधीक्षक (एसपी) द्वारा की गई, नतीजतन देवबंद के उलेमाओं ने उनके विरुद्ध जहर उगलना शुरू कर दिया है। देवबंद के उलेमाओं का कहना है कि यह कार्रवाई करने वाले एसपी को निलंबित किया जाए। 

एसपी अभिषेक सिंह की कार्रवाई का विरोध करते हुए उलेमाओं ने इसे गलत करार दिया है। इस मुद्दे पर इत्तेहाद उलेमा-ए-हिन्द देवबंद के राष्ट्रीय अध्यक्ष कारि मुस्तफ़ा देहलवी ने बयान दिया। उन्होंने कहा कि पुलिस अधीक्षक ने एसआई इंतसार अली को दाढ़ी रखने के लिए लाइन हाजिर कर दिया। उनके मुताबिक़ एक पुलिस अधिकारी को इस तरह की कार्रवाई नहीं करनी चाहिए थी। इसके बाद उन्होंने कहा, “तास्सुब को मद्देनज़र रखते हुए इस तरह की कार्रवाई सही नहीं है, हम अपनी और अपनी तंजीमों की तरफ से इस कार्रवाई की सख्त अलफ़ाज़ में आलोचना करते हैं।” 

अंत में उनका कहना था, “हम उत्तर प्रदेश और केंद्र सरकार से इस बात की माँग करते हैं कि जो अधिकारी तास्सुब की बुनियाद पर नौकरी कर रहे हैं, इस तरह के लोगों को नौकरी में रहने का हक़ नहीं है। ऐसे अधिकारियों पर तत्काल प्रभाव से कार्रवाई होनी चाहिए, ऐसे लोगों का रवैया स्वीकार नहीं किया जा सकता है। ऐसे लोगों पर जल्द से जल्द ठोस कार्रवाई होनी चाहिए।”  

उत्तर प्रदेश के बागपत जिला स्थित रमाला थाने में इंतसार अली बतौर सब इंस्पेक्टर (एसआई) तैनात थे। उन्होंने बिना अनुमति पिछले कुछ समय से लंबी दाढ़ी रखी हुई थी नतीजतन उन्हें पुलिस अधीक्षक ने निलंबित कर उन्हें पुलिस लाइन भेज दिया गया। मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार उन्हें कई बार दाढ़ी रखने के लिए विभाग से अनुमति लेने का आदेश दिया गया था। इसके बावजूद उन्होंने बिना किसी भी तरह की अनुमति लिए पिछले काफी समय से दाढ़ी रखी थी।

कुछ समय पहले सब इंस्पेक्टर इंतसार अली पुलिस विभाग द्वारा जारी किए गए आदेश के बावजूद दाढ़ी रखने को लेकर सुर्ख़ियों का कारण बने थे। इंतसार अली मूल रूप से सहारनपुर के रहने वाले हैं और उत्तर प्रदेश के पुलिस विभाग में बतौर सब इंस्पेक्टर भर्ती किए गए थे। 

इस मुद्दे पर पुलिस अधीक्षक अभिषेक सिंह ने कहा था, “पुलिस मैनुएल के दिशा-निर्देशों के अनुसार सिख समुदाय के पुलिसकर्मियों के अलावा किसी भी अन्य समुदाय का व्यक्ति पुलिस विभाग में तैनात रहते हुए दाढ़ी नहीं रख सकता है। अगर पुलिस विभाग से जुड़ा हुआ कोई भी व्यक्ति ऐसा करना चाहता है तो उसे सबसे पहले अनुमति लेनी होती है। इतने महत्वपूर्ण आदेश के बिना इंतसार अली बिना किसी भी तरह की आज्ञा लिए दाढ़ी रख रहे थे। इस मामले में कई बार शिकायत तक मिल चुकी थी। इस संबंध में उन्हें 3 बार चेतावनी दी गई और यहाँ तक की बात करने का भी प्रयास किया गया लेकिन कोई सकारात्मक नतीजा हासिल नहीं हुआ। अनुशासनहीनता जारी रहने बाद उन पर यह कार्रवाई की गई है।”   

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