हमने कुछ गलत नहीं कियाः फरमानी नाज

कलाकार का कोई धर्म नहीं होताः नाज

दैनिक भास्कर/दीपक वर्मा

शामली। कलाकार का कोई धर्म नहीं होता। हमने कोई गलत काम नहीं किया है। हमारा मकसद किसी की भी धार्मिक भावना भड़काना नहीं है। यह कहना है यूट्यूब गायिका नाज फरमानी का। उनके ‘हर-हर शम्भू’ गाने पर उठे विवाद और मौलाना की नाराजगी के बाद उन्होंने यह बात कही। अपने भाई फरमान के साथ गायिका फरमानी ने कहा कि कोई भी गाना जाति या धर्म देखकर नहीं गाया जाता। कलाकार की परख का आधार जाति या धर्म नहीं होता। उन्होंने कहा कि कुछ लोग बिना वजह उनके गाने को लेकर उन्हें विवाद में शामिल करना चाहते हैं। वह कलाकार हैं। कला का धर्म से कोई संबंध नहीं होता।

फतवा नहीं हुआ जारी….

नाज के भाई फरमान का कहना है कि उनके खिलाफ कोई फतवा जारी नहीं हुआ है। कुछ मौलानाओं ने उनके गाने को लेकर आपत्ति जाहिर की थी। फरमान ने दावा किया कि फतवा जारी करने की बात निराधार है।

कौन हैं नाज फरमानी

नाज इंडियन आइडल में प्रतिभाग कर चुकी हैं। वह अपना यूट्यूब चैनल भी चलाती हैं। वह मूल रूप से मुजफ्फरनगर जनपद के गांव मोहमदपुर में रहती हैं। वर्ष 2017 में मेरठ जनपद के छोटा हसनपुर निवासी इमरान से उनकी शादी हुई थी। उसको एक बेटा भी है। उसके पति ने उसे छोड़कर दूसरी शादी कर ली है। अब वह गाने गाकर अपना खर्च चला रही हैं। फरमानी का कहना है कि उसका बेटा बीमार था और ससुराल वाले मायके से पैसा लाने के जिद पर अड़े थे। इसलिए वह मायके में ही रहने लगी। उसके गांव के लड़के राहुल ने उसका पहला गाना यूट्यूब पर डाला तो खूब वायरल हुआ। इसके बाद वह इंडियन आयडल में गई, लेकिन बेटे की बीमारी के चलते वापस आ गई। अब वह राहुल और भाई के साथ वीडियो बनाती हैं।

यह है विवाद

कांवड़ यात्रा के दौरान नाज ने भगवान शिव को लेकर एक भजन ’हर हर शम्भू’ गाया था। यह गाना वायरल हुआ। इस भजन को लेकर उलेमाओं ने तीखी प्रतिक्रिया दी है। उलेमा का कहना है कि इस्लाम में किसी भी तरह के गाने की मनाही है। नाज को गाना नहीं गाना चाहिए था। शिव भजन को लेकर भी उन्हें ट्रोल किया गया था। उन्हें धमकी भी दी गई। इस पर फरमानी ने विरोध को दरकिनार कर कहा कि वह एक कलाकार हैं और कला और कलाकार का कोई धर्म नहीं होता।

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