उपचुनाव के बाद जातीय जनगणना पर होगा बड़ा फैसला, सभी दल एक साथ बैठकर लेंगे निर्णय : सीएम नीतीश

नई दिल्ली (ईएमएस)। मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने जातीय जनगणना के सवाल पर कहा कि सभी दल एक साथ बैठकर इसपर निर्णय लेंगे। राज्य के अंदर इसको लेकर जो कराना होगा, वह सबकी सहमति से करेंगे। हम अपनी तरफ से अभी कोई एलान करना उचित नहीं समझते हैं। विधानसभा उपचुनाव के बाद बैठक करेंगे। मुख्यमंत्री जनता के दरबार में मुख्यमंत्री कार्यक्रम के बाद पत्रकारों के सवालों का जवाब दे रहे थे। उन्‍होंने तीय गणना बहुत ही अच्छे ढंग से की जाएगी, ताकि सही जानकारी मिले। इसके लिए प्रशिक्षण भी देना होगा। 

मेहनत करके एक-एक चीज नोट करना होगा। सवालिया लहजे में कहा कि कोई जाति है, जिसमें उपजातियां नहीं होती हैं? हर जाति की उपजातियों के साथ जानकारी लेनी होगी। तभी जान पाएंगे कि किनकी कितनी संख्या है। किनके लिए कितने अच्छे से काम किया जाये, जिससे सब तबकों का विकास हो। देश का भी विकास होगा। मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने कहा है कि जरूरत के हिसाब से बिहार को बिजली नहीं मिल पा रही है। जिन कंपनियों से बिजली की खरीद होती है, वहां उत्पादन कम होने से ऐसा हो रहा है। इसके चलते समस्या आई है। इस कारण राज्य सरकार अधिक कीमत पर बिजली की खरीद कर लोगों को उपलब्ध करा रही है। स्थिति को सामान्य करने में ऊर्जा विभाग लगा हुआ है। 

उन्होंने कहा कि एनटीपीसी तथा अनेक निजी कंपनियों से बिजली लेते थे। जितनी आपूर्ति का प्रावधान था, उतनी नहीं हो रही है। ज्यादा दाम पर बिजली खरीद कर अब करीब-करीब आवश्यकता अनुरूप उपलब्ध करने की स्थिति में हमलोग हैं। पीक आवर में 5500-5600 मेगावाट बिजली उपलब्ध हो रही है। स्थिति को ठीक करेंगे। इसके लिए ऊर्जा विभाग पूरे तौर पर लगा हुआ है। 

उम्मीद है सामान्य स्थिति में पहुंच जाएगा। मुख्यमंत्री ने कहा कि विद्युत एक्सचेंज पांच दिनों में 570 लाख यूनिट बिजली की खरीद की गई है, जो 90 करोड़ की है। लोगों की जररूतों को पूरा करने का प्रयास किया जा रहा है। बिहार की ही नहीं, सब जगह की यही स्थिति है। मुख्यमंत्री ने यह भी कहा कि जनता ने काम करने का मौका दिया तो बिहार में बिजली की स्थिति में सुधार को लेकर तेजी से काम करना शुरू किया। शुरुआती दौर में बिजलीघरों की स्थिति में सुधार और नये बिजलीघरों की स्थापना को लेकर कार्य किये गये। बाद में तय कर दिया कि सबको एनटीपीसी को हैंडओवर करने का निर्णय लिया। अभी बिहार सरकार के अधीन कोई बिजलीघर नहीं है। उन्होंने कहा कि बरौनी ताप विद्युत केंद्र एक माह में चालू हो जाएगा। इकाई संख्या छह नौ-दस दिनों में चालू होगी।

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