
शहजाद अंसारी’
बिजनौर। जिलाधिकारी रमाकांत पाण्डेय ने कोविड-19 से बचाव के लिए टीकाकरण कार्य में असंतोष व्यक्त करते हुए प्रगति बढ़ाने के निर्देश दिए। उन्होेंने प्रत्येक आशा, एएनएम एवं आंगनबाड़ी कार्यत्रियों के लिए 10-10 व्यक्तियों का कोविड टीकाकरण का लक्ष्य निर्धारित करते हुए संबंधित विभागीय अधिकारियों को निर्देश दिए कि अपने-अपने कर्मचारियों की जिम्मेदारी निर्धारित करते हुए आवंटित लक्ष्य को शत प्रतिशत रूप से पूरा कराना सुनिश्चित कराएं। इसी के साथ उन्होंने वैक्सीनेशन कार्य में अपेक्षित प्रगति प्राप्त करने के लिए मुस्लिम धर्मगुरूओं का आहवान किया कि खुत्बों तथा अन्य अवसरों पर जन सामान्य को कोविड टीकाकरण कराने के लिए पे्ररित करें और उक्त सम्बन्ध में समाज में फैली भ्रांतियों को दूर करने का भी प्रयास करें।
जिलाधिकारी रमाकांत पाण्डेय शनिवार को विकास भवन के सभागार में आयोजित राष्ट्रीय वैक्टर जनित रोग नियंत्रण कार्यक्रम की चैथी और अंतिम बैठक की अध्यक्षता करते हुए उपस्थित अधिकारियों को निर्देश दे रहे थे। उन्होंने संचारी रोग नियंत्रण अभियान की संतोषजनक प्रगति पर सभी अंतर्विभागीय विभागीय अधिकारियों का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि कार्य की प्रगति को माह मार्च,21 के बाद भी बनाएं रखें और किसी भी सतह पर शिथिलता न बरतें, क्योंकि थोड़ी सी भी असावधानी अथवा लापवरवाही कार्य की गुणवत्ता और प्रगति को प्र्रभावित कर सकती है। उन्होंने बताया कि माह मार्च में संचालित दस्तक अभियान के अंतर्गत आशा एवं आंगनबाडी कार्यकत्री घर-घर जाकर बुखार, खांसी, कोविड, क्षय रोग के संभावित रोगियों की जांच तथा संबंधित व्यक्ति का नाम पता एवं मोबाइल नंबर संहित सम्पूर्ण विवरण एक लाइन लिस्टिंग फाॅर्मेट में अंकित कर क्षेत्रीय ए0एन0एम0 के माध्यम से व्लाॅक मुख्यालय पर उपलब्ध कराया गया है तथा घर-घर जा कर आशा कार्यकत्र्रियों द्वारा जन्म तथा मृत्यु पंजीकरण से छूटे तथा टीकाकरण से वंचित शिशुओ के पंजीकरण की कार्यवाही भी की जा रही है।
उन्होंने सभी संबंधित अधिकारियों को निर्देशित किया कि इस अभियान को 31 मार्च,21 के बाद भी पूर्ण मानक और निष्ठा के साथ जारी रखें, ताकि अधिक से अधिक लोगों के जीवन की सुरक्षा की जा सके। उन्होंने नगरीय क्षेत्र के लिए समस्त अधिशासी अधिकारी नगर निकाय तथा जिला पंचायत राज अधिकारी को ग्रामीण क्षेत्र में 31 मार्च,21के बाद भी राष्ट्रीय वैक्टर जनित रोग नियंत्रण कार्यक्रम रोस्टर के अनुसार विशेष साफ-सफाई व मच्छरों के मारने के लिए फाॅगिंग तथा एंटीलार्वा का छिड़काव कार्य जारी रखने के निर्देश दिए ताकि संक्रामक रेागों विशेष रूप में मलेरिया, डेगंू, चिकनगुनिया जैसे संचारी रोग पनपने न पाएं तथा इस कार्य में किसी भी प्रकार की लापरवाही न करें।
उन्होंने यह भी निर्देश दिए कि संचारी रोग नियंत्रण अभियान के अंतर्गत संचालित की जाने वाली गतिविधियों में कोविड-19 से संबंधित सभी नियमों का अनुपालन पूरी गंभीरता के साथ सुनिश्चित करायें। जिला मलेरिया अधिकारी/नोडल अधिकारी संचारी रोग नियंत्रण अभियान ब्रजभूषण ने कार्यक्रम का संचालन करते हुए कार्यक्रम की प्रगति की विस्तृत रूप से जानकारी उपलब्ध कराई। बैठक में मुख्य विकास अधिकारी कामता प्रसाद सिंह, मुख्य चिकित्साधिकारी विजय कुमार यादव, मुख्य चिकित्साधीक्षक डाॅ0 ज्ञान सिंह, जिला मलेरिया अधिकारी ब्रजभूषण, अपर मुख्य चिकित्साधिकारी डा0 रावत, समस्त अधिशासी अधिकारी नगर पालिका/नगर पंचायत सहित स्वास्थ्य विभाग के अन्य विभागीय अधिकारी मौजूद थे।