आकाश़-बायजू ने नीट तथा जेईई उम्मीदवारों के लिए हिंदी माध्यम में किया पाठ्यक्रम शुरू

सहारनपुर। पढ़ाई को निर्बाध रूप से जारी रखने और अधिक से अधिक छात्रों को डॉक्टर और इंजीनियर बनने के उनके सपने को साकार करने में मदद करने के लिए भारत में टेस्ट प्रिपरेटरी सर्विसेज में अग्रणी आकाश़-बायजू ने उत्तर प्रदेश राज्य शिक्षा बोर्ड के छात्रों के लिए हिंदी माध्यम के बैच शुरू किए हैं। हिंदी माध्यम के ये बैच विशेष रूप से उन छात्रों के लिए हैं जो जेईई और नीट को क्रैक करना चाहता है। यह विभिन्न राज्य परीक्षा बोर्ड के छात्रों के लिए क्षेत्रीय भाषाओं में प्रशिक्षण देने की एईएसएल की योजना को दर्शाता है। 
हिंदी मीडियम बैचों के लॉन्च पर टिप्पणी करते हुए आकाश़बायजू के प्रबंध निदेशक आकाश चौधरी ने कहा, हम सीबीएसई बोर्ड के छात्रों को उनकी परीक्षा के लिए पहले से ही तैयार कर रहे हैं और अब उत्तर प्रदेश राज्य शिक्षा बोर्ड के छात्रों के लिए हिंदी माध्यम में कोचिंग शुरु करने कि हमें बेहद खुशी है, जहां ये विद्यार्थी शिक्षा बोर्ड के साथ-साथ नीट और जेईई की भी तैयारी कर सकेंगे।  हमारे स्टूडेंट्स फर्स्ट दृष्टिकोण के साथ हमारे हिंदी माध्यम के बैच उन छात्रों के लिए एक वरदान साबित होंगे, जो प्रतियोगी परीक्षाओं में अपनी क्षमता के अनुसार सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन करना चाहते हैं। उत्तर प्रदेश राज्य बोर्ड देश के सबसे बड़े राज्य शिक्षा बोर्ड में से एक है। इसके माध्यम से हम अपने हिंदी माध्यम के बैच के छात्रों को अत्यधिक कुशल विशेषज्ञों के मार्गदर्शन में सर्वश्रेष्ठ सामग्री प्रदान करके उत्तर प्रदेश शिक्षा बोर्ड में बैठने वाले अधिकतर उम्मीदवारों को सहायता प्रदान कर सकेंगे। सीबीएसई से संबद्ध स्कूली छात्रों के लिए डिज़ाइन किए गए अंग्रेजी माध्यम के पाठ्यक्रम के अलावा नए हिंदी माध्यम पाठ्यक्रमों का शुभारंभ मुख्य रूप से उत्तर प्रदेश राज्य बोर्ड के छात्रों को भी क्षेत्रीय भाषाओं में नीट और जेईई के लिए शिक्षण प्रदान करने के लिए आकाश़-बायजू के दृष्टिकोण का एक हिस्सा है।
ये है कार्यक्रम का उद्देश्य
इस कार्यक्रम का उद्देश्य उन छात्रों को एक एकीकृत लर्निंग एक्सपीरियंस प्रदान करना है जो अपने बोर्ड और प्रतियोगी परीक्षाओं, दोनों की तैयारी कर रहे हैं। विशेष रूप से उत्तर प्रदेश राज्य शिक्षा बोर्ड भारत का सबसे बड़ा राज्य शिक्षा बोर्ड है। इसमें लगभग 28,000 संबद्ध स्कूलों में दसवीं और बारहवीं कक्षा में पढ़ने वाले लगभग 56 लाख छात्र पढ़ते हैं। 2021 में उत्तर प्रदेश से लगभग 75,000 छात्रों ने जेईई की परीक्षा दी और 1.5 लाख से अधिक छात्रों ने नीट की परीक्षा दी।
इस नई पहल की कुछ विशेषताएं इस प्रकार हैं
-उत्तर प्रदेश राज्य शिक्षा बोर्ड के दिशा-निर्देशों के अनुरूप पाठ्यक्रम को सावधानीपूर्वक तैयार किया जाएगा।
-भाषा की बाधा को दूर करने एवं नीट और जेईई में अंग्रेजी माध्यम के छात्रों के साथ समान रूप से प्रतिस्पर्धा करने के लिए उम्मीदवारों की सहायता के लिए उन्हें हिंदी भाषा में शिक्षण प्रदान किया जाएगा।
-उच्च गुणवत्ता वाली अध्ययन सामग्री कक्षा 11 और कक्षा 12 के पूरे पाठ्यक्रम को कवर करेगी, जिससे छात्र यूपी राज्य शिक्षा बोर्ड के साथ-साथ नीट और जेईई जैसी राष्ट्रीय प्रतियोगी परीक्षाओं में सफल हो सकेंगे। नीट के उम्मीदवारों को भौतिकी, रसायन विज्ञान, वनस्पति विज्ञान और जूलॉजी जैसे विषयों की अध्ययन सामग्री प्राप्त होगी, जबकि जेईई के उम्मीदवारों को भौतिकी, रसायन विज्ञान और गणित जैसे विषयों की अध्ययन सामग्री प्राप्त होगी। ये अध्ययन सामग्री ठीक वैसे ही होगी, जैसे अंग्रेजी माध्यम के छात्रों को प्रदान की जाती है, लेकिन इसका अनुवाद हिंदी भाषा में होगा।
-यूपी राज्य शिक्षा बोर्ड के छात्रों के लिए उनकी आवश्यकताओं के अनुरूप हिंदी माध्यम के अलग-अलग बैच आयोजित किए जाएंगे।
-छात्रों को स्कूल बोर्ड परीक्षाओं के साथ-साथ प्रतियोगी परीक्षाओं में मदद करने के लिए एईएसएल ने अत्यधिक आकर्षक द्विभाषी परीक्षा पत्रों अंग्रेजी, हिंदी की एक श्रृंखला बनाई है।

Back to top button