सीतापुर : जिला जेल से 29 बंदी होगे आजाद

प्रदेश के किसी जिले में अब तक नहीं हुई एक साथ इतनी रिहाई
दया याचिका, गंभीर बीमारी तथा फार्म ए के बंदी हैं शामिल
जेल में बंद कैदियों की छटनी कर शासन को भेजी गई रिपोर्ट

सीतापुर। वह दिन दूर नहीं जब जिला जेल में बंद 29 कैदी जल्द ही कारागार की चाहरदीवारी से आजाद हो रिहाई की सांस लेगे। यह वह कैदी होंगे जो आजीवन की सजा कासट रहे है मगर अब गंभीर बीमार हैं या फिर दया याचिका पर सुनवाई हुई है अथवा फार्म ए के तहत न पर गौर किया गया है। यह उपलब्धि पूरे प्रदेश में केवल सीतापुर की डीएम के नाम ही जाएगी क्योंकि इतनी बड़ी संख्या में अभी तक प्रदेश के किसी डीएम ने जनकल्याण के तहत आजीवन कारावास की सजा काट रहे बंदियों पर सुनवाई नहीं की है और न ही फैसला लिया है। जिला जेल में बंद इन कैदियों की छटनी कर इनकी फाइल शासन को भेज दी गई है।

जेल में सैकड़ों की संख्या में कैदी आजीवन कारावास की सजा काट रहे है

बताते चलें कि जिला जेल में सैकड़ों की संख्या में कैदी आजीवन कारावास की सजा काट रहे है। इन कैदियों में से बहुत से ऐसे कैदी होते हैं जिनकी उम्र 60 से 70 वर्ष की पूरी हो चुकी होती है। जेल में बंद रहते-रहते ऐसे कैदी गंभीर रूप से बीमार भी हो जाते है। जिनकी दशा दयनीय हो जाती है। इसी उम्र के कई कैदी राज्यपाल के यहां दया याचिका भी दायर करते है। इसी उम्र के कई कैदी रिहाई के लिए फार्म ए भी भरते है। इन तीनों मामलों में कैदियों की रिहाई के लिए हर जिले में एक टीम गठित होती है। जिसमें डीएम, एसपी, जेल अधीक्षक तथा जिला प्रोबेशन अधिकारी शामिल होते है। यह अधिकारी दायर की गई तीनों याचिकाओं के कैदियों के साथ वार्ता भी करती है उनकी दशा भी देखती है। पूरी तरह से संतुष्ट होने के बाद निर्णय लिया जाता है।

29 कैदियों की हुई छटनी

इन तीनों मामलों में डीएम ने फौरी तौर पर कार्रवाई करते हुए 29 कैदियों की छटनी की है। जिला प्रोबेशन अधिकारी अश्वनी कुमार तिवारी बताते है कि उक्त कैदियों में महिला और पुरूष दोनों तरह के कैदी शामिल है। अप्रैल तथा मई महीने में कुल 48 याचिकाएं सामने आई थी। जिसमें से डीएम शीतल वर्मा ने एक-एक नियमावली का पालन कर तेजी से कार्रवाई करते हुए 29 कैदियों की छटनी की है। जिनकी रिहाई के लिए महानिरीक्षक कारागार प्रशासन एवं सुधार सेवाएं को कैदियों की पत्रावलियां भेजी जा रही है। जैसे ही शासन से इन पत्रावलियों पर रिहाई के आदेश मिल जाएंगे सभी को तत्काल रिहा कराया जाएगा।
इनसेट

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