WhatsApp ने महीनेभर में बंद किए 20 लाख से ज्यादा अकाउंट, जानें क्या है वजह

फेसबुक की ओनरशिप वाले इंस्टैंट मेसेजिंग प्लेटफॉर्म व्हाट्सऐप ने अपनी पहली मंथली कंप्लायंस रिपोर्ट शेयर की है।सोशल मीडिया से जुड़ी नई गाइडलाइन्स और IT रूल्स, 2021 के हिसाब से शेयर की गई रिपोर्ट में कहा गया है कि ऐप ने एक महीने में 20 लाख से ज्यादा यूजर्स के अकाउंट्स ब्लॉक किए हैं।कंपनी ने बताया कि 15 मई से 15 जून, 2021 के बीच कुल 345 रिपोर्ट्स मिलीं, जिनपर कार्रवाई की गई।

इस आधार पर बैन किए गए अकाउंट्स

व्हाट्सऐप ने मंथली कंप्लायंस रिपोर्ट को लेकर कहा, “हमारा फोकस पहले ही रोक लगाने पर है क्योंकि हमें लगता है कि किसी खतरनाक ऐक्टिविटी के होने और इसका पता लगाने से बेहतर इसे होने से रोक देना है।”कंपनी ने बताया है कि अब्यूज डिटेक्शन सिस्टम तीन जगहों पर काम करता है, जिनमें रजिस्ट्रेशन, मेसेजिंग और फीडबैक शामिल हैं।रजिस्ट्रेशन या मेसेजिंग करते वक्त और नेगेटिव फीडबैक मिलने पर व्हाट्सऐप कार्रवाई करता है।वजह

बल्क मेसेजिंग करने के चलते बैन

मेसेजिंग प्लेटफॉर्म ने बताया कि भारत में 15 मई से 15 जून के बीच 20 लाख से ज्यादा यूजर्स के अकाउंट बैन किए गए।कंपनी ने थ्री-स्टेज प्रोसेस की मदद से ऐसा किया और रिपोर्ट में विस्तार से इसकी जानकारी दी।रिपोर्ट में इस बात पर भी जोर दिया गया है कि करीब 95 प्रतिशत अकाउंट्स को ‘ऐप के अनऑथराइज्ड यूज और ऑटोमेटेज बल्क मेसेजिंग’ करने के चलते बैन किया गया।सावधानी

मालिशियस अकाउंट्स पर बैन लगना जरूरी

व्हाट्सऐप यूजर कम्युनिटी को सुरक्षित रखने के लिए मेसेजिंग ऐप ने ऑटोमेटेड सिस्टम इस्तेमाल किए हैं, जो यूजर्स को ब्लॉक या बैन करते हैं।ऐसे बैन का सामना स्पैम या अनवॉन्टेड मेसेजेस भेजने वाले यूजर्स को करना पड़ता है।इस तरह जरूरी होने पर मालिशियस यूजर्स को प्लेटफॉर्म से कुछ वक्त के लिए बैन किया जाता है।समझना जरूरी है कि व्हाट्सऐप पर स्पैम मेसेजेस भेजना या बल्क मेसेजिंग करना बैन की वजह बन सकता है।बैन

व्हाट्ऐप गलती से बैन लगाए तो क्या करें?

व्हाट्सऐप अकाउंट पर गलती से बैन लगने की स्थिति में शिकायत करने के लिए यूजर्स को ऐप स्क्रीन पर दिख रहे ‘रिक्वेस्ट अ रिव्यू’ विकल्प पर टैप करना होगा।अब सामने आने वाली स्क्रीन पर व्हाट्सऐप बैन के खिलाफ अपील का विकल्प मिलेगा।इसके बाद सामने आने वाली स्क्रीन पर दिखेगा कि व्हाट्सऐप सपोर्ट अपील पर विचार करेगा।टेक्स्ट बॉक्स में जरूरी जानकारी देने के बाद यूजर्स को ‘सबमिट’ पर टैप करना होगा और बैन रिव्यू किया जाएगा।जानकारी

क्या कहते हैं एक्सपर्ट?

‘द डायलॉग’ के फाउंडिंग डायरेक्टर काजिम रिजवी ने कहा कि कंप्लायंस रिपोर्ट शिकायतों के निपटारे से जुड़ा व्हाट्सऐप का तरीका दिखाती है। उन्होंने कहा, “व्हाट्सऐप रिऐक्टिव के बजाय प्रोऐक्टिव तरीके के अकाउंट्स पर कार्रवाई कर रहा है, जिससे प्लेटफॉर्म का गलत इस्तेमाल ना हो सके।”रिपोर्ट

फेसबुक ने भी शेयर की थी रिपोर्ट

बीते दिनों फेसबुक ने पहली कंप्लायंस रिपोर्ट पब्लिश की और बताया कि कितनी पोस्ट्स पर कार्रवाई की गई।फेसबुक ने एक महीने के अंदर करीब तीन करोड़ स्पैम पोस्ट्स के खिलाफ कार्रवाई की और इसका प्रोएक्टिव रेट लगभग 99.9 प्रतिशत रहा।कंपनी ने इतने ही प्रोऐक्टिव रेट के साथ 25 लाख हिंसक और ग्राफिक कंटेंट पर भी कार्रवाई की।एडल्ट न्यूडिटी और सेक्सुअल ऐक्टिविटी से से जुड़े 18 लाख पोस्ट्स भी 99.6 प्रतिशत प्रोएक्टिव रेट के साथ हटाए गए।

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