लखनऊ। शनिवार को कन्नौज की सभा में ‘जय श्रीराम के नारे को लेकर सपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष ने रविवार को भी कमेंट किया है। उन्होंने इसे निकृष्ठतम राजनीति करार दिया है और कहा कि यह दौर निकृष्टतम राजनीति के दौर से ही गुजर रहा है लेकिन जनता झांसे में नहीं आने वाली है। वह सत्ता का विरोध करने वालों के साथ खड़ी है। अखिलेश यादव की ट्वीट के बाद उनके फालोअर्स ने ही उन्हें घेर लिया।
#WATCH Uttar Pradesh: Samajwadi Party President Akhilesh Yadav scolds a police officer after a man went near the dais and chanted 'Jai Shri Ram' while he was addressing a gathering in Kannauj district today. pic.twitter.com/2XGk9kQHhh
— ANI UP/Uttarakhand (@ANINewsUP) February 15, 2020
रविवार को सुबह सपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव ने ट्वीट किया कि देश की राजनीति व्यक्तिगत धमकियों से होती हुई सार्वजनिक मंचों पर षड्यंत्रकारियों तक को भेजकर राजनेताओं को बदनाम करने की साज़िश के निकृष्टतम दौर से गुजर रही है, लेकिन आज की समझदार जनता सब समझकर सत्ताधारियों के झाँसे में नहीं आनेवाली बल्कि सत्ता का विरोध करनेवालों के साथ खड़ी है।
गौरतलब है कि शनिवार को अखिलेश यादव की कन्नौज में आयोजित सभा में एक युवक ने ‘जय श्रीराम’ बोल दिया। इसके बाद अखिलेश यादव आग बबूला हो गये और पुलिस वालों काे भी मंच से फटकार लगायी। रविवार को उनका ट्वीट इसी मुद्दे को लेकर किया गया।
उनका ट्वीट आते ही एक फालोअर आरती ने लिखा “मुलायम यादव ने कारसेवकों पर गोली चलवाई थी और उन्हीं के सुपुत्तर ने ‘जय श्रीराम’ का नारा लगाने वाले को पिटवा दिया। आगे लिखता है कि ‘राम नाम सत्य है’ के कहे बिना हिंदुओं की अंतिम विदाई भी नहीं होती। ‘राम नाम बिन गति नहीं, फिर भी मुस्लिम परस्ती राजनीति के लिए राम नाम से अखिलेश को इतनी नफरत? एक दूसरे फालोअर आरके पांडेय ने लिखा ‘ केजरीवाल ने हनुमान चालीसा पढ़कर अपनी लाज बचाई। जो राम से दुश्मनी ली वह हनुमान जी के हाथों अपनी जान गवाई।।”