
नागपुर। महाराष्ट्र के नागपुर से एक ऐसी दिल दहला देने वाली वारदात सामने आई है, जिसे सुनकर किसी का भी कलेजा कांप जाए। रंगों के त्योहार होली पर जहां पूरा देश खुशियां मना रहा था, वहीं नागपुर के कोराडी इलाके में एक दादी ने अपने ही 5 साल के पोते को खौलते पानी से नहला दिया। मासूम का कसूर बस इतना था कि उसने अपनी दादी पर पिचकारी से पानी छोड़ दिया था। इस सनसनीखेज घटना का वीडियो पास के सीसीटीवी (CCTV) में कैद हो गया है, जिसे देखकर हर कोई स्तब्ध है।
पिचकारी से रंग डालना पड़ा भारी, दादी ने खोया आपा
जानकारी के मुताबिक, मासूम ओम अपने घर के बाहर दोस्तों के साथ पिचकारी से होली खेल रहा था। इसी दौरान उसकी दादी सिंधु ठाकरे गर्म पानी की बाल्टी लेकर वहां से गुजर रही थीं। खेलते-खेलते ओम ने दादी पर पिचकारी से पानी स्प्रे कर दिया। बस यही बात दादी को नागवार गुजरी। गुस्से में आगबबूला हुई दादी ने बिना सोचे-समझे बाल्टी में भरा उबलता हुआ पानी अपने ही पोते पर फेंक दिया।
Nagpur Horror: Psycho woman pours boiling hot water on a 5-year-old boy just because he wanted to play Holi with her. pic.twitter.com/7565w4LXvx
— Being Political (@BeingPolitical1) March 4, 2026
45 प्रतिशत झुलसा मासूम, अस्पताल में जिंदगी की जंग
खौलता पानी गिरते ही बच्चा दर्द से तड़प उठा और चीखते हुए दूर भागा। गर्म पानी की वजह से मासूम ओम कमर के नीचे के हिस्से में बुरी तरह झुलस गया है। उसे तुरंत नागपुर के एक निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां डॉक्टरों ने बताया कि बच्चा 45 प्रतिशत तक जल चुका है। फिलहाल उसकी हालत गंभीर बनी हुई है और वह आईसीयू में जिंदगी की जंग लड़ रहा है। इस घटना के बाद से पूरे परिवार में मातम पसरा है।
CCTV में कैद हुई हैवानियत की पूरी कहानी
वायरल हो रहे सीसीटीवी फुटेज में साफ देखा जा सकता है कि सिंधु ठाकरे काली साड़ी पहने बाल्टी लेकर जा रही हैं। जैसे ही बच्चा पास आकर रंग छिड़कता है, दादी अचानक बाल्टी का पूरा गर्म पानी उस पर डाल देती हैं। बच्चा चीखते हुए कूदकर दूर भागता है। शोर सुनकर एक दूसरी महिला ठंडे पानी की बाल्टी लेकर दौड़ती है और बच्चे पर डालती है, बाद में दादी भी दिखावे के लिए ठंडा पानी डालने लगती हैं। पुलिस ने आरोपी दादी सिंधु ठाकरे के खिलाफ सख्त धाराओं में मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
बाराबंकी में भी होली पर खूनी संघर्ष, कई घायल
त्योहार के दिन हिंसा की खबरें केवल नागपुर तक सीमित नहीं रहीं। उत्तर प्रदेश के बाराबंकी जिले में भी रंग खेलने के विवाद में दो गुट आपस में भिड़ गए। देखते ही देखते लाठी-डंडे चले और पत्थरबाजी हुई, जिसमें कई लोग गंभीर रूप से घायल हो गए। पुलिस ने मौके पर पहुंचकर स्थिति को संभाला और उपद्रवियों के खिलाफ केस दर्ज किया है।
अभिभावकों के लिए चेतावनी
विशेषज्ञों का कहना है कि त्योहारों के दौरान छोटी-छोटी बातों पर उपजा गुस्सा बड़ी हिंसा का रूप ले लेता है। ऐसे में माता-पिता को बच्चों की सुरक्षा के प्रति अतिरिक्त सतर्क रहने की जरूरत है। साथ ही, बच्चों को सुरक्षित तरीके से त्योहार मनाने की ट्रेनिंग भी दी जानी चाहिए।














