
मुंबई,. बड़ौदा बीएनपी परिबा एसेट मैनेजमेंट इंडिया ने आज मधु नायर को अपना नया चीफ एग्जीक्यूटिव ऑफिसर (CEO) नियुक्त करने की घोषणा की है। बता दें कि यह कंपनी, बड़ौदा बीएनपी परिबा म्यूचुअल फंड की इन्वेस्टमेंट मैनेजर है। कंपनी के मुताबिक, यह नियुक्ति फंड हाउस के लिए ग्रोथ के एक नए और महत्वपूर्ण दौर की शुरुआत है। कंपनी का लक्ष्य भारत के तेजी से बढ़ते म्यूचुअल फंड इंडस्ट्री में एक बड़े और मजबूत, उद्देश्य-आधारित संगठन के रूप में अपनी पहचान बनाना है।
यह नियुक्ति ऐसे समय में हुई है, जब भारत की म्यूचुअल फंड इंडस्ट्री एक महत्वपूर्ण दौर से गुजर रही है। जुलाई 2026 के अंत तक देश में म्यूचुअल फंड इंडस्ट्री का औसत एसेट्स अंडर मैनेजमेंट (AAUM) 86.33 लाख करोड़ रुपये को पार कर गया है। बड़ौदा बीएनपी परिबा एसेट मैनेजमेंट इंडिया का औसत एसेट्स अंडर मैनेजमेंट भी 31 जुलाई 2026 तक 57,000 करोड़ रुपये को पार कर चुका है।
नई लीडरशिप के साथ कंपनी का लक्ष्य सिर्फ इस ग्रोथ का हिस्सा बनना नहीं है, बल्कि इस ग्रोथ को आगे बढ़ाने में नेतृत्व करना है। मधु नायर, संजय कुमार ग्रोवर की जगह CEO का पद संभालेंगे। संजय कुमार ग्रोवर बैंक ऑफ बड़ौदा से डेप्युटेशन पर आए थे और उन्होंने कंपनी को ग्रोथ के एक महत्वपूर्ण दौर में सफलतापूर्वक नेतृत्व दिया।
बीना वाहीद, एग्जीक्यूटिव डायरेक्टर- बैंक ऑफ बड़ौदा और चेयरपरसन- बोर्ड ऑफ बड़ौदा बीएनपी पारिबा एसेट मैनेजमेंट ने कहा कि, “हमें बेहद खुशी है कि मधु नायर बड़ौदा बीएनपी पारिबा एसेट मैनेजमेंट में टीम की अगुवाई कर रहे हैं। हमारा मानना है कि उनके नेतृत्व में, हमारा म्यूचुअल फंड बिजनेस हमारे बड़े कस्टमर बेस और पूरे भारत में फैली पहुंच का बेहतर इस्तेमाल कर पाएगा, ताकि हम बाजार से जुड़े निवेश के विकल्पों को ज्यादा से ज्यादा लोगों तक आसानी से पहुंचा सकें।”
भारत के प्रमुख सरकारी बैंकों में से एक, बैंक ऑफ बड़ौदा, और यूरोप की सबसे बड़ी एसेट मैनेजमेंट कंपनियों में से एक, बीएनपी पारिबा एसेट मैनेजमेंट एशिया का यह ज्वॉइंट वेंचर अब अपने ग्रोथ के अगले चरण पर ध्यान दे रहा है। इसकी मजबूत नींव बैंक ऑफ बड़ौदा के देश-विदेश में फैले बड़े नेटवर्क और बीएनपी पारिबा एसेट मैनेजमेंट के वैश्विक निवेश अनुभव और रिसर्च क्षमताओं के मेल पर टिकी है।
विंसेंट ट्रुइयार्ड पेरोट, मैनेजिंग डायरेक्टर, स्ट्रैटेजिक पार्टिसिपेशन्स एंड जेवी – बीएनपी पारिबा एसेट मैनेजमेंट और एसोसिएट डायरेक्टर – बड़ौदा बीएनपी पारिबा एसेट मैनेजमेंट का कहना है कि, “हम मधु का स्वागत करते हुए बेहद खुश हैं। उनकी लीडरशिप और इंडस्ट्री का गहरा अनुभव भारत में हमारे इस एसेट मैनेजमेंट ज्वॉइंट वेंचर को तेजी से आगे बढ़ाने में मदद करेगा। हमारा मानना है कि भारतीय बाजार में भविष्य में बढ़त की बहुत बड़ी संभावनाएं हैं, क्योंकि अब ज्यादा से ज्यादा लोग वेल्थ क्रिएशन के लिए बाजार से जुड़े निवेश के विकल्पों को अपना रहे हैं। बीएनपी पारिबा एसेट मैनेजमेंट को बड़ौदा बीएनपी पारिबा म्यूचुअल फंड का सहयोग करने पर गर्व है, ताकि ऐसे प्रोडक्ट्स बनाए जा सकें जो भारतीय ग्राहकों को उनके वित्तीय सपनों को पूरा करने में मदद करें।”
मधु नायर को एसेट मैनेजमेंट के क्षेत्र में 28 साल से भी ज्यादा का गहरा अनुभव है। वे इससे पहले HSBC, इनवेस्को और कोटक जैसी कंपनियों में बड़े पदों पर रह चुके हैं, और हाल ही में वे ‘यूनियन म्यूचुअल फंड’ के सीईओ के रूप में अपनी सेवाएं दे रहे थे।
उन्होंने हार्वर्ड बिजनेस स्कूल से पढ़ाई की है। उनके पास वैश्विक स्तर की रणनीतिक समझ के साथ-साथ भारत में डिस्ट्रीब्यूशन नेटवर्क और आम निवेशकों के व्यवहार की जमीनी समझ भी है। यह मेल कंपनी को तेजी से बड़े पैमाने पर आगे ले जाने के लिए बिल्कुल सही है।
संस्था के लिए उनका नजरिया बिल्कुल साफ और दूरगामी है। भारत की ‘अमृतकाल’ की विकास यात्रा को हर भारतीय परिवार के लिए असली फायदों में बदलना। उनका मकसद बड़ौदा बीएनपी पारिबा म्यूचुअल फंड के प्रोडक्ट्स और निवेश अनुभव के जरिए उन नए बचतकर्ताओं तक भी बाजार से जुड़े धन बनाने के मौके पहुंचाना है, जिनकी पहुंच अब तक यहां नहीं थी।
मधु नायर, चीफ एग्जीक्यूटिव ऑफिसर – बड़ौदा बीएनपी पारिबा एसेट मैनेजमेंट ने कहा कि, “मैं बड़ौदा बीएनपी पारिबा एसेट मैनेजमेंट के शेयरधारकों और बोर्ड द्वारा मुझ पर जताए गए भरोसे और दी गई जिम्मेदारी से बेहद सम्मानित महसूस कर रहा हूं। अपने शेयरधारकों के लगातार सहयोग और कर्मचारियों की लगन के साथ, मुझे पूरा विश्वास है कि हम अपने सभी निवेशकों, पार्टनर्स, शेयरधारकों और कर्मचारियों के लिए ‘टुगेदर फॉर मोर’ (साथ मिलकर कुछ बेहतर हासिल करना) के ब्रांड वादे को पूरा करेंगे। मैं कंपनी को ग्रोथ के अगले फेज में ले जाने और अपने सभी स्टेकहोल्डर्स के लिए लंबे समय तक बेहतर वैल्यू बनाने के लिए तत्पर हूं।”
अपने करियर के दौरान, नायर का हमेशा से यह मानना रहा है कि टिकने वाली ग्रोथ किसी खास उद्देश्य से चलने वाले संस्थानों से ही आता है, ऐसे संस्थान जहां बेहतरीन टीमें सिर्फ किसी एक प्रोडक्ट साइकिल या तिमाही नतीजों से आगे बढ़कर किसी बड़े मिशन के लिए मिलकर काम करती हैं। एक मजबूत संस्थागत रणनीति के साथ-साथ सही वर्क कल्चर और टीम निर्माण का यह तरीका अब बड़ौदा बीएनपी पारिबा म्यूचुअल फंड में उनकी मुख्य जिम्मेदारी का हिस्सा है।











