
Ganesh Chaturthi Puja Vidhi गणपति बप्पा की पूजा यूं तो कभी भी किसी भी दिन और कैसे भी की जा सकती है। लेकिन गणेश चतुर्थी के दिन बप्पा की पूजा के लिए विशेष विधि-विधान बताए गये हैं। जी हां क्योंकि शास्त्रों में तो हर माह की चतुर्थी को गणेशजी की पूजा का विधान बताया है। लेकिन भाद्रपद के शुक्ल पक्ष की चतुर्थी को संपूर्ण देश में धूमधाम से मनाई जाती है। इस दिन लोग घरों में गणपति बप्पा की स्थापना करते हैं और विधि-विधान से पूजा करते हैं। आइए जानते हैं गणेश चतुर्थी की पूजन विधि क्या है?
पूजा में इन सामग्रियों का करें प्रयोग
Ganesh Chaturthi Puja Samagri : गणपति बप्पा की स्थापना से पहले पूजा की सारी सामग्री एकत्रित कर लें। पूजा के लिए चौकी, लाल कपड़ा, गणेश प्रतिमा, जल कलश, पंचामृत, लाल कपड़ा, रोली, अक्षत, कलावा, जनेऊ, गंगाजल, इलाइची-लौंग, सुपारी, चांदी का वर्क, नारियल, सुपारी, पंचमेवा, घी-कपूर की व्यवस्था कर लें। लेकिन ध्यान रखें कि श्रीगेश को तुलसी दल व तुलसी पत्र नहीं चढ़ाना चाहिए। इसके स्थान पर गणपति बप्पा को शुद्ध स्थान से चुनी हुई दूर्वा जिसे कि अच्छे तरीके से धो लिया हो, अर्पित करें।
ऐसे करनी चाहिए गणपति की स्थापना
सुबह-सवेरे नित्य कर्मों से निवृत्त होकर पूजा की सभी सामग्री को एकत्रित करें। इसके बाद सही दिशा का चुनाव करके वहां पर चौकी स्थापित कर दें। इसके बाद गणेशजी को पंचामृत और फिर गंगाजल से स्नान कराएं। फिर चौकी पर लाल कपड़ा बिछाकर गणेशजी की प्रतिमा स्थापित करें। रिद्धि-सिद्धि के रूप में प्रतिमा के दोनों ओर एक-एक सुपारी रख दें। इसके बाद गणेशजी को सिंदूर लगाकर चांदी का वर्क लगाएं। फिर जनेऊ, लाल पुष्प, दूर्वा, मोदक और नारियल सहित अन्य सामग्री अर्पित करें।
तब पढ़ना चाहिए गणेश मंत्र और आरती
गणेशजी की स्थापना और पूजन सामग्री अर्पित करने के बाद धूप, दीप और अगरबत्ती से गणेश मंत्र ‘गजाननं भूतगणादिसेवितं कपित्थजम्बूफलचारु भक्षणम्ं। उमासुतं शोकविनाशकारकं नमामि विघ्नेश्वरपादपङ्कजम्।।’ का जप करके आरती करें।
अनंत चतुर्दशी तक लगाएं गणपति को भोग
गणेश चतुर्थी से लेकर अनंत चतुर्दशी तक जब तक भगवान गणेश घर में रहते हैं तब तक उनका एक परिवार की सदस्य की तरह ध्यान रखना चाहिए। बता दें कि जिस तरह गणपति बप्पा को 3 बार भोग लगाना अनिवार्य होता है। ठीक उसी तरह उन्हें मोदक का भोग लगाना भी जरूरी होता है क्योंकि उन्हें मोदक अत्यंत प्रिय हैं। याद रखें कि जितने भी दिन गणेशजी घर में रहें नियमित रूप से उन्हें मोदक का भोग लगाते रहें। ऐसा करने से बप्पा की कृपा प्राप्त होती है और सारे विघ्नों का नाश होता है।














