
गाजियाबाद: खाकी वर्दी को ही अपना शिकार बनाने का एक सनसनीखेज मामला उत्तर प्रदेश के गाजियाबाद से सामने आया है, जहां एक शातिर महिला ने ‘हुस्न’ का जाल बिछाकर एक पुलिस दरोगा को ही हनी ट्रैप का शिकार बना लिया. आरोप है कि महिला ने पहले दरोगा से नज़दीकियां बढ़ाईं, शारीरिक संबंध बनाए और फिर करोड़ों रुपये की डिमांड कर ब्लैकमेल करने लगी. जब दरोगा और उसका परिवार इस जाल में बुरी तरह फंस गया, तो दरोगा की पत्नी ने हिम्मत दिखाते हुए मोर्चा खोला और आरोपी महिला को सलाखों के पीछे पहुंचा दिया.
प्यार का नाटक, फिर ब्लैकमेलिंग का घिनौना खेल
यह पूरा मामला गाजियाबाद के थाना शालीमार गार्डन क्षेत्र का है. यहां एक महिला ने पहले तो पुलिस विभाग में तैनात एक दरोगा से दोस्ती की. धीरे-धीरे उसने दरोगा को अपने प्यार के जाल में फंसा लिया और दोनों के बीच शारीरिक संबंध बन गए. दरोगा इस बात से अनजान था कि यह सब एक सोची-समझी साजिश का हिस्सा है. जैसे ही महिला के हाथ कुछ ऑडियो-वीडियो रिकॉर्डिंग लगीं, उसने अपना असली रंग दिखाना शुरू कर दिया और दरोगा को ब्लैकमेल करने लगी.
करोड़ों की डिमांड और परिवार को खत्म करने की धमकी
आरोप है कि महिला ने दरोगा से करोड़ों रुपये की मांग शुरू कर दी. कई बार उसने ऑनलाइन पैसे भी ट्रांसफर करवाए. जब दरोगा ने और पैसे देने से इनकार किया तो महिला ने उसे झूठे मुकदमों में फंसाने, सामाजिक बदनामी करने और पूरे परिवार को नुकसान पहुंचाने की धमकियां देनी शुरू कर दीं. रिकॉर्डिंग के जरिए उस पर लगातार मानसिक दबाव बनाया जा रहा था, जिससे दरोगा और उसका परिवार गहरे सदमे में था.
पत्नी बनी ‘ढाल’, कोर्ट के रास्ते सलाखों के पीछे पहुंची आरोपी
जब पानी सिर से ऊपर चला गया तो तंग आकर दरोगा की पत्नी ने हिम्मत दिखाई. वह इस मामले को लेकर सीधे कोर्ट पहुंचीं और न्याय की गुहार लगाई. कोर्ट के आदेश पर गाजियाबाद के थाना शालीमार गार्डन में आरोपी महिला के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया गया. शिकायत मिलते ही पुलिस हरकत में आई और फौरन कार्रवाई करते हुए आरोपी महिला को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है.
SC/ST एक्ट में मुकदमा दर्ज, जांच जारी
पुलिस रिकॉर्ड के मुताबिक, मामले की गंभीरता को देखते हुए आरोपी महिला के खिलाफ भारतीय दंड संहिता (IPC) के साथ-साथ अनुसूचित जाति एवं अनुसूचित जनजाति (अत्याचार निवारण) अधिनियम की धाराओं में भी FIR दर्ज की गई है. पुलिस का कहना है कि शिकायत में लगाए गए सभी आरोपों की गहनता से जांच की जा रही है और साक्ष्यों के आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई अमल में लाई जाएगी.










