
दिल्ली में लापता हो रहे लोगों की संख्या लगातार बढ़ती जा रही है, जिससे राजधानी में डर का माहौल है। रिपोर्ट्स के अनुसार, 1 जनवरी से 27 जनवरी के बीच, दिल्ली से कुल 807 लोग लापता हुए हैं।
ऐसे में दिल्ली पुलिस ने एक वीडियो जारी करते हुए किसी भी अफवाह पर ध्यान देने से साफ मना कर दिया है। दिल्ली पुलिस का कहना है कि दिल्ली में लापता व्यक्तियों, विशेषकर बच्चों के संबंध में किसी भी प्रकार की घबराहट या भय का कोई कारण नहीं है।
दिल्ली पुलिस का पूरा बयान
दिल्ली पुलिस ने कहा, “पहले की तुलना में दिल्ली में लापता व्यक्तियों की रिपोर्टिंग में कोई वृद्धि नहीं हुई है। बल्कि, जनवरी 2026 माह में, पिछले वर्षों की समान अवधि की तुलना में लापता व्यक्तियों की रिपोर्टिंग के मामलों में कमी दर्ज की गई है। यह भी उल्लेखनीय है कि दिल्ली पुलिस में अपराधों की निष्पक्ष और पारदर्शी रिपोर्टिंग की नीति अपनाई जाती है। लापता व्यक्तियों की रिपोर्ट न केवल स्थानीय पुलिस थाने में दर्ज कराई जा सकती है, बल्कि ऑनलाइन माध्यम से और ERSS-112 के माध्यम से भी दर्ज कराई जा सकती है।
निर्धारित SOP के द्वारा, दिल्ली पुलिस इन सभी मामलों में लापता व्यक्तियों का तुरंत पता लगाने का प्रयास किया जाता है, जिसमें लापता बच्चों के मामलों को विशेष प्राथमिकता दी जाती है। इस संबंध में सभी जिलों में dedicated Missing Persons Squads और क्राइम ब्रांच में Anti Human Trafficking Unit कार्यरत हैं, ताकि इस विषय में केंद्रित और प्रभावी कार्रवाई सुनिश्चित की जा सके।
‘अफवाहों पर ध्यान ना दें’
दिल्ली पुलिस के संयुक्त पुलिस आयुक्त संजय त्यागी ने कहा, “हम अपील करते हैं किसी प्रकार की अफवाह पर ध्यान ना दें, अफवाह फैलाने वाले के वृद्ध उचित कार्रवाई की जाएगी।”
उन्होंने कहा कि यह स्पष्ट किया जाता है कि दिल्ली में बच्चों के लापता होने या अपहरण के मामलों में किसी भी संगठित गिरोह की संलिप्तता सामने नहीं आई है। इसलिए, हम आपसे यह अपील करते है कि इस संबंध में फैल रही किसी भी प्रकार की अफवाहों पर ध्यान ना दिया जाए। दिल्ली पुलिस यह सुनिश्चित करने के लिए प्रतिबद्ध है कि लापता व्यक्तियों से संबंधित सभी मामलों का Registration और तुरंत जांच की जाए और सभी संभव प्रयास कर लापता व्यक्तियों को शीघ्रातिशीघ्र उनके परिजनों से मिलाया जाए। दिल्ली पुलिस आपकी सेवा में सदैव तत्पर है।














