
- ड्रैगन की आबादी घट रही है, बूढ़ा हो रहा है देश
- अब प्रजनन बढ़ाने की जद्दोजहद
- बूढ़ा होता चीन, कमजोर होती अर्थव्यवस्था का डर
बीजिंग । जिस चीन ने दशकों तक जन्म नियंत्रण को सख्ती से लागू किया, आज वही देश चुपचाप प्रजनन को बढ़ावा देने की कोशिश में जुट गया है। इसका ताजा संकेत 1 जनवरी से देखने को मिला, जब चीन सरकार ने कंडोम और गर्भनिरोधक गोलियों पर दी जा रही टैक्स छूट खत्म कर दी। अब इन पर 13 प्रतिशत वैल्यू एडेड टैक्स लगेगा, जिससे ये पहले से महंगे हो गए हैं। सवाल उठता है आखिर, चीन को बच्चों की इतनी चिंता क्यों सता रही है?
कभी चीन की पहचान ‘वन-चाइल्ड पॉलिसी’ से होती थी। 1980 से 2015 तक लागू इस नीति के तहत आबादी नियंत्रित करने के लिए सख्त कदम उठाए गए। लेकिन अब हालात पलट चुके हैं। राष्ट्रपति शी जिनपिंग के नेतृत्व में चीन घटती जन्म दर और तेजी से बढ़ती बुजुर्ग आबादी से जूझ रहा है। लगातार तीसरे साल आबादी घटने के बाद बीजिंग के लिए यह खतरे की घंटी बन चुका है।
आज चीन की 60 साल से अधिक उम्र की आबादी 20 प्रतिशत से ज्यादा हो चुकी है। विशेषज्ञों को डर है कि देश ‘अमीर होने से पहले बूढ़ा’ हो सकता है। इसका मतलब है कम होती वर्कफोर्स, बढ़ता पेंशन और स्वास्थ्य खर्च, और धीमी आर्थिक रफ्तार। यही वजह है कि सरकार अब हर उस नीति पर विचार कर रही है, जो लोगों को माता-पिता बनने के लिए प्रेरित कर सके।
चीन की प्रजनन दर 2.1 के रिप्लेसमेंट लेवल से बहुत नीचे गिर चुकी है। 2021 में यह करीब 1.16 दर्ज की गई थी। इसका सीधा असर भविष्य की श्रम शक्ति और उपभोक्ता बाजार पर पड़ेगा। आज कम बच्चे, कल कम मजदूर यही चिंता चीन की रणनीति के केंद्र में है। सरकार ने टैक्स छूट, नकद बोनस, सस्ती चाइल्डकेयर, आसान शादी पंजीकरण और मुफ्त डिलीवरी जैसे कई ‘फर्टिलिटी-फ्रेंडली’ कदम उठाए हैं। लेकिन जमीन पर हकीकत अलग है। ऊंची घर कीमतें, महंगी शिक्षा, नौकरी की अनिश्चितता और लंबे काम के घंटे युवाओं को बच्चों से दूर कर रहे हैं।
हालिया सर्वे बताते हैं कि 18 से 31 साल के युवाओं में से दो-तिहाई बच्चे नहीं चाहते। शादी की दरों में भारी गिरावट आई है और पहली बार माता-पिता बनने की उम्र लगातार बढ़ रही है। महिलाओं पर पड़ने वाला असमान बोझ भी बड़ी वजह बन रहा है।
विशेषज्ञ मानते हैं कि सिर्फ गर्भनिरोधक को महंगा करना बेबी बूम नहीं ला सकता। यह कदम प्रतीकात्मक जरूर है, लेकिन इससे चीन की बेचैनी साफ झलकती है। ड्रैगन अब जन्म रोकने से ज्यादा, जन्म बढ़ाने को लेकर चिंतित है।














