
नई दिल्ली: देश की राजधानी दिल्ली के हाई-प्रोफाइल वेन्यू ‘भारत मंडपम’ में चल रहे AI इम्पैक्ट समिट के दौरान हुए जोरदार विरोध प्रदर्शन का मामला अब अदालत की दहलीज तक पहुंच गया है। शनिवार को दिल्ली पुलिस ने गिरफ्तार किए गए इंडियन यूथ कांग्रेस (IYC) के चार कार्यकर्ताओं को पटियाला हाउस कोर्ट में पेश किया। इस दौरान पुलिस ने अदालत के सामने चौंकाने वाले दावे किए और आरोपियों की 5 दिन की रिमांड मांगी। पुलिस का आरोप है कि अंतरराष्ट्रीय नेताओं की मौजूदगी में न केवल सुरक्षा में सेंध लगाई गई, बल्कि देश विरोधी नारेबाजी भी की गई।
गिरफ्तार कार्यकर्ताओं की पहचान और पुलिस के गंभीर आरोप
पुलिस द्वारा कोर्ट में पेश किए गए आरोपियों की पहचान कृष्ण हरि, कुंदन यादव, अजय कुमार और नरसिम्हा यादव के रूप में हुई है। सुनवाई के दौरान सरकारी वकील ने दलील दी कि जिस समय समिट में दुनिया भर की जानी-मानी हस्तियां और अंतरराष्ट्रीय नेता मौजूद थे, उस वक्त इन कार्यकर्ताओं ने अशांति फैलाने की कोशिश की। पुलिस ने बताया कि इस प्रदर्शन के दौरान हुई धक्का-मुक्की में तीन पुलिसकर्मी घायल हुए हैं। मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने पूछताछ के लिए 5 दिन की कस्टडी की मांग की है।
#WATCH | Delhi: Visuals of the four Indian Youth Congress leaders, arrested in connection with their protest at the AI Summit at Bharat Mandapam
— ANI (@ANI) February 21, 2026
They were brought to Patiala House Court. The order on their custody and bail plea has been reserved by the court.
Those arrested… pic.twitter.com/ect15nCEe8
बचाव पक्ष की दलील: ‘पढ़े-लिखे युवा हैं, प्रदर्शन करना अधिकार’
दूसरी ओर, यूथ कांग्रेस के कार्यकर्ताओं की तरफ से पेश हुए वकील ने पुलिस के दावों को सिरे से खारिज कर दिया। बचाव पक्ष ने दलील दी कि यह पूरा मामला राजनीतिक द्वेष से प्रेरित है और दर्ज की गई FIR महज एक चाल है। वकील ने कोर्ट में कहा, “ये सभी आरोपी उच्च शिक्षित हैं और उनके पास डिग्रियां हैं। एक लोकतांत्रिक देश में शांतिपूर्ण प्रदर्शन करना उनका संवैधानिक अधिकार है।” उन्होंने हिंसा के आरोपों को नकारते हुए कहा कि प्रदर्शन पूरी तरह शांतिपूर्ण था। फिलहाल, कोर्ट ने आरोपियों की कस्टडी और जमानत अर्जी पर अपना फैसला सुरक्षित रख लिया है।
शर्टलेस प्रदर्शन और ‘पीएम इज कॉम्प्रोमाइज्ड’ के नारे
पूरा विवाद शुक्रवार को तब शुरू हुआ जब एआई समिट के दौरान यूथ कांग्रेस के लगभग 10 कार्यकर्ता सुरक्षा घेरा तोड़कर भारत मंडपम के भीतर घुस गए। इन प्रदर्शनकारियों ने सफेद टी-शर्ट पहनी थी, जिस पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की तस्वीरें थीं और लिखा था— ‘पीएम इज कॉम्प्रोमाइज्ड’। प्रदर्शन के दौरान अचानक इन कार्यकर्ताओं ने अपनी टी-शर्ट उतार दी और शर्टलेस होकर केंद्र सरकार के खिलाफ नारेबाजी शुरू कर दी, जिससे वहां हड़कंप मच गया।
सड़कों पर उतरी बीजेपी, राहुल गांधी के खिलाफ नारेबाजी
इस घटना के बाद दिल्ली से लेकर मुंबई तक सियासी पारा चढ़ गया है। भारतीय जनता पार्टी (BJP) ने कांग्रेस के खिलाफ मोर्चा खोल दिया है। दिल्ली में बीजेपी युवा मोर्चा के कार्यकर्ताओं ने कांग्रेस मुख्यालय का घेराव किया और जमकर नारेबाजी की। प्रदर्शनकारियों के हाथों में ‘कांग्रेस+राहुल गांधी=गद्दार’ लिखे पोस्टर थे। हालात तब बेकाबू हो गए जब कुछ प्रदर्शनकारियों ने पुलिस बैरिकेडिंग तोड़ दी। वहीं, मुंबई के मुलुंड में भी राहुल गांधी के काफिले को काले झंडे दिखाए जाने की खबर है। बीजेपी का कहना है कि अंतरराष्ट्रीय मंच पर देश की छवि खराब करने के लिए राहुल गांधी को माफी मांगनी चाहिए।














