मीरजापुर। उत्तर प्रदेश के मीरजापुर जिले में बुधवार की रात काल बनकर दौड़े एक अनियंत्रित ट्रक ने ड्रमंडगंज घाटी को श्मशान बना दिया। बड़का मोड़ (घुमान) के पास हुए इस रोंगटे खड़े कर देने वाले भीषण सड़क हादसे में 11 लोगों की दर्दनाक मौत हो गई। मंजर इतना खौफनाक था कि टक्कर के बाद बोलेरो में भीषण आग लग गई, जिससे उसमें सवार दो महिलाओं और दो बच्चों समेत आठ लोग देखते ही देखते जिंदा जल गए। इस हादसे ने पूरे इलाके को झकझोर कर रख दिया है।
ब्रेक फेल होते ही ‘यमराज’ बना ट्रक, एक के बाद एक कई वाहनों को रौंदा
मिली जानकारी के अनुसार, मध्य प्रदेश की ओर से चना लादकर मीरजापुर की तरफ आ रहे एक ट्रक का ड्रमंडगंज घाटी उतरते समय अचानक ब्रेक फेल हो गया। अनियंत्रित ट्रक पहाड़ी ढलान पर तेज रफ्तार से दौड़ने लगा। बेकाबू ट्रक ने सबसे पहले एक कंटेनर को टक्कर मारी और फिर उसके आगे चल रही बोलेरो को जोरदार टक्कर मार दी। टक्कर इतनी जबरदस्त थी कि बोलेरो डिवाइडर से जा टकराई और उसमें तत्काल आग लग गई।
बोलेरो बनी आग का गोला, चाहकर भी मदद नहीं कर सके लोग
हादसे के बाद बोलेरो धू-धू कर जलने लगी। प्रत्यक्षदर्शियों ने बताया कि चीख-पुकार के बीच लोग बोलेरो में फंसे अपनों को बचाने की कोशिश करते रहे, लेकिन आग की लपटें इतनी विकराल थीं कि कोई पास जाने की हिम्मत नहीं जुटा सका। बोलेरो में सवार आठ लोग जिंदा जल गए। ट्रक यहीं नहीं रुका, उसने एक कार को रौंदते हुए गिट्टी लदे ट्रेलर में टक्कर मार दी। इस टक्कर में कार के परखच्चे उड़ गए और चालक जय प्रकाश (28), निवासी सोनभद्र की मौके पर ही मौत हो गई। हादसे में ट्रक चालक और खलासी ने भी दम तोड़ दिया।
प्रशासनिक अमला मौके पर, सीएम योगी ने जताया गहरा दुख
सूचना मिलते ही जिलाधिकारी पवन कुमार गंगवार और पुलिस अधीक्षक अपर्णा रजत कौशिक भारी पुलिस बल के साथ घटनास्थल पर पहुंचे। फायर ब्रिगेड की टीम को आग बुझाने में करीब एक घंटा लगा, लेकिन तब तक सब कुछ राख हो चुका था। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने इस हादसे पर गहरा दुख व्यक्त करते हुए मृतकों के परिजनों के प्रति संवेदना प्रकट की है। उन्होंने जिला प्रशासन को घायलों के समुचित उपचार और राहत कार्य में तेजी लाने के सख्त निर्देश दिए हैं।
वाराणसी-रीवां मार्ग पर घंटों लगा रहा लंबा जाम
इस भीषण दुर्घटना के बाद वाराणसी-रीवां राष्ट्रीय राजमार्ग पर अफरा-तफरी मच गई। सड़क पर वाहनों का मलबा और आग की लपटों के कारण यातायात पूरी तरह ठप हो गया। करीब चार घंटे तक मार्ग पर लंबा जाम लगा रहा। देर रात क्रेन की मदद से क्षतिग्रस्त वाहनों को किनारे कर एक लेन से यातायात को बहाल कराया गया। पुलिस अब मृतकों की शिनाख्त करने और उनके परिजनों को सूचित करने की प्रक्रिया में जुटी है।












