
- जरवल पशु चिकित्सालय पर लटकता मिला ताला
Bahraich /Jarwal Town : रविवार को भारत गैस एजेंसी राष्ट्रीय राजमार्ग पार करते समय अज्ञात वाहन की चपेट में आने से एक बारासिंघा नर हिरन गंभीर रूप से घायल हो गया। स्थानीय लोगों ने घायल हिरन को जल्द ही निकाला और उसे इलाज के लिए जरवल पशु चिकित्सा केंद्र ले जाया गया, लेकिन समय पर उपचार न मिलने के कारण उसकी मृत्यु हो गई।
बताते चले कि प्राप्त जानकारी के अनुसार, घटना के समय घायल हिरन गहरे पानी में तड़प रहा था। चौकी इंचार्ज राकेश कुमार पांडेय, मुलायम सिंह यादव दीवान तथा अन्य लोगों ने मिलकर हिरन को पानी से बाहर निकाला। चौकी इंचार्ज श्री पांडेय ने बैटरी रिक्शा से हिरन को जरवल पशु चिकित्सा केंद्र पहुंचाया, परंतु वहां ताला लगा हुआ था और कोई पशु चिकित्सक मौजूद नहीं था। लगभग 10–15 मिनट तक तड़पने के बाद हिरन की मृत्यु हो गई। स्थानीयों का कहना है कि यदि समय पर चिकित्सा सुविधा मिल जाती तो शायद उसकी जान बच सकती थी। प्रथम सूचना मिलने पर वन दरोगा शीतला प्रसाद के वनरक्षक सज्जाद अहमद मौके पर पहुंचे और मृत हिरन का शव कब्जे में लेकर आगे की आवश्यक कार्रवाई हेतु वन केंद्र को सौंप दिया।
समाज के कुछ सदस्यों और स्थानीय पत्रकारों ने घायलों के लिए किए गए प्रयासों की प्रसंशा करते हुए पशु चिकित्सा केंद्र पर तैनाती और त्वरित सहायता सुनिश्चित करने पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि पशु बचाव और वन्यजीव संरक्षण के लिए स्थानीय स्तर पर तत्काल चिकित्सकीय व्यवस्था व चौबीसों घंटे संपर्क व्यवस्था आवश्यक है।









