
उत्तर प्रदेश में मानसून के रौद्र रूप को देखते हुए योगी सरकार पूरी तरह से अलर्ट मोड पर आ गई है। भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) द्वारा 1 से 6 सितंबर तक प्रदेश के अधिकांश हिस्सों में मूसलाधार बारिश, मेघगर्जन, वज्रपात और फ्लैश फ्लड (आकस्मिक बाढ़) की जताई गई आशंका के बाद राहत आयुक्त कार्यालय ने सभी संबंधित जिला प्रशासनों को कड़े निर्देश जारी किए हैं। सरकार ने लोगों की सुरक्षा को सर्वोपरि रखते हुए अधिकारियों को प्रभावित एवं संभावित क्षेत्रों में चौबीसों घंटे निगरानी रखने और हर जरूरतमंद तक तत्काल सहायता पहुंचाने का आदेश दिया है।
प्रदेश के 50 से अधिक जिलों में भारी बारिश का अलर्ट
मौसम विभाग के पूर्वानुमान के अनुसार, 6 सितंबर तक राज्य के पूर्वी, पश्चिमी, मध्य और बुंदेलखंड के कई हिस्सों में भारी से अत्यधिक भारी बारिश हो सकती है।
जिन प्रमुख जिलों में भारी बारिश की चेतावनी जारी की गई है, उनमें बांदा, चित्रकूट, कौशाम्बी, प्रयागराज, फतेहपुर, वाराणसी, सोनभद्र, मिर्जापुर, चंदौली, संत रविदास नगर, कानपुर नगर, कानपुर देहात, रायबरेली, मथुरा, हाथरस, आगरा, फिरोजाबाद, इटावा, औरैया, जालौन, हमीरपुर, महोबा, झांसी, ललितपुर, जौनपुर, आजमगढ़, मऊ, बलिया, बहराइच, लखीमपुर खीरी, सीतापुर, हरदोई, फर्रुखाबाद, कन्नौज, लखनऊ, बाराबंकी, अमेठी, सुल्तानपुर, अयोध्या, अंबेडकरनगर, कासगंज, मुरादाबाद, रामपुर, बरेली, पीलीभीत, शाहजहांपुर, संभल और बदायूं शामिल हैं।
इन 10 जिलों में मंडराया ‘आकस्मिक बाढ़’ का खतरा
बारिश के कारण नदियों और नालों के अचानक उफान पर आने से प्रदेश के 10 जिलों में आकस्मिक बाढ़ (Flash Flood) की स्थिति उत्पन्न होने का खतरा है। राहत आयुक्त कार्यालय ने सोनभद्र, मिर्जापुर, चंदौली, गाजीपुर, वाराणसी, प्रयागराज, जौनपुर, भदोही, चित्रकूट और कौशाम्बी के जिलाधिकारियों को विशेष चौकसी बरतने तथा निचले इलाकों में जलभराव एवं नदियों के जलस्तर पर पैनी नजर रखने के निर्देश दिए हैं।
मेघगर्जन और वज्रपात की चेतावनी, लोगों से सावधानी की अपील
पूर्वांचल से लेकर एनसीआर (NCR) तक कई जिलों में बिजली गिरने (वज्रपात) की तीव्र आशंका जताई गई है। प्रयागराज, वाराणसी, लखनऊ, अयोध्या, आगरा, कानपुर, झांसी, मथुरा, मेरठ, गाजियाबाद, गौतमबुद्धनगर, बुलंदशहर, सहारनपुर, शामली और मुजफ्फरनगर में लोगों से अनावश्यक बाहर न निकलने की अपील की गई है। राहत आयुक्त ने आम जनता को आकाशीय बिजली चमकने के समय पक्के मकानों में शरण लेने और पेड़ व बिजली के खंभों से दूर रहने की सलाह दी है।
आपदा से पूर्व तैयारी पर जोर: मंत्री नंदी ने चित्रकूट में बांटी राहत किट
योगी सरकार का मुख्य ध्यान केवल बाढ़ के बाद राहत पहुंचाने पर ही नहीं, बल्कि संभावित तबाही से पूर्व सुरक्षात्मक कदम उठाने पर है। इसी क्रम में, चित्रकूट के प्रभारी मंत्री नंद गोपाल गुप्ता ‘नंदी’ ने कर्वी तहसील में बाढ़ प्रभावित परिवारों से मुलाकात कर उन्हें राहत किट बांटी। उन्होंने जिले के विभिन्न हिस्सों का दौरा कर प्रशासनिक तैयारियों का जायजा लिया और अधिकारियों को निर्देश दिया कि कोई भी पीड़ित परिवार सरकारी मदद से वंचित न रहे।













