नई दिल्ली। पूर्वी दिल्ली के शाहदरा जिले के कृष्णा नगर इलाके में स्थित सर्वोदय कन्या विद्यालय (Sarvodaya Kanya Vidyalaya) में शनिवार सुबह उस वक्त हड़कंप मच गया, जब 12वीं कक्षा में पढ़ने वाली एक छात्रा ने संदिग्ध परिस्थितियों में स्कूल परिसर में खुद को आग लगा ली। इस दर्दनाक हादसे में छात्रा की मौत हो चुकी है। इतने बड़े स्कूल परिसर और स्टाफ की मौजूदगी में इस प्रकार की घटना होने से स्कूल प्रशासन की सुरक्षा व्यवस्था और कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं। पुलिस और फॉरेंसिक टीम (FSL) मामले की हर एंगल से गहनता से जांच कर रही है।
इंस्पेक्शन के दिन स्कूल में मची अफरातफरी, पानी की टंकी के पास उठाया कदम
सूत्रों के मुताबिक, शनिवार को स्कूल में किसी महत्वपूर्ण निरीक्षण (Inspection) का कार्य तय था, जिसके चलते पूरा स्कूल प्रशासन और स्टाफ अलर्ट मोड पर था। उस समय स्कूल में सातवां पीरियड चल रहा था। इसी दौरान छात्रा ने शिक्षक से पानी पीने जाने की अनुमति मांगी और पानी की बोतल लेकर क्लास से बाहर निकली। इसके बाद वह गार्ड रूम के पीछे पानी की टंकी के पास पहुंची और कथित तौर पर अपने ऊपर ज्वलनशील पदार्थ डालकर आग लगा ली। चीख-पुकार की आवाज सुनकर जब तक स्टाफ के लोग वहां दौड़े, तब तक छात्रा बुरी तरह झुलस चुकी थी और मौके पर ही उसकी स्थिति गंभीर हो गई थी।
परिजनों का फूटा गुस्सा, बोले- ‘हमारी बेटी ऐसा कदम नहीं उठा सकती’
घटना की सूचना मिलने पर जब मृतका की भाभी उसे लेने स्कूल पहुंचीं, तब उन्हें अनहोनी की जानकारी दी गई। इसके बाद परिवार के अन्य सदस्य भी स्कूल पहुंच गए। परिजनों ने स्कूल स्टाफ और प्रबंधन पर भारी लापरवाही का आरोप लगाया है। मृतका के परिवार का कहना है कि वे अपने बच्चों को शिक्षकों के भरोसे स्कूल भेजते हैं, ऐसे में शिक्षकों और सुरक्षा कर्मियों की मौजूदगी में यह सब कैसे हो गया। परिजनों ने साफ तौर पर कहा कि छात्रा खुदकुशी नहीं कर सकती, वह किसी साजिश या गहरे तनाव का शिकार हुई है।
पुलिस ने स्कूल का डीवीआर किया जब्त, 3 पेज का सुसाइड नोट बरामद
सूचना मिलते ही शाहदरा जिला पुलिस उपायुक्त (DCP) आरपी मीणा और अन्य वरिष्ठ अधिकारी तुरंत मौके पर पहुंचे। क्राइम टीम और एफएसएल (FSL) ने घटनास्थल से साक्ष्य जुटाए। जांच के दौरान पुलिस ने छात्रा के स्कूल बैग से तीन पेज का एक सुसाइड नोट बरामद किया है, हालांकि पुलिस अधिकारियों ने अभी नोट के कंटेंट पर कुछ भी कहने से इनकार किया है। पुलिस ने मामले की निष्पक्ष जांच के लिए स्कूल में लगे सीसीटीवी कैमरों का डीवीआर (DVR) अपने कब्जे में ले लिया है, जिससे यह पता लगाया जा सके कि घटना के वक्त वहां क्या हुआ था और गार्ड या अन्य स्टाफ कहां मौजूद थे।
झारखंड के कोडरमा की रहने वाली थी छात्रा, सुबह बड़ी बहन ने छोड़ा था स्कूल
पुलिस के मुताबिक, करीब 17.5 साल की यह छात्रा अपने परिवार के साथ घोंडली, कृष्णा नगर में किराए के मकान में रहती थी। मूल रूप से झारखंड के कोडरमा की रहने वाली इस छात्रा के परिवार में माता-पिता के अलावा तीन भाई, एक बहन और भाभी हैं। शनिवार सुबह करीब 7 बजे उसकी बड़ी बहन ने उसे स्कूल छोड़ा था। दोपहर में जब वह तय समय पर घर नहीं लौटी, तब परिजन उसकी तलाश में स्कूल पहुंचे थे। कैट्स एंबुलेंस के डॉक्टरों ने मौके पर ही छात्रा को मृत घोषित कर दिया था, फिर भी एहतियात के तौर पर उसे अस्पताल ले जाया गया जहां डॉक्टरों ने मौत की पुष्टि कर दी।
शिक्षा मंत्री आशीष सूद ने दिए निष्पक्ष जांच के आदेश
इस संवेदनशील मामले पर प्रतिक्रिया देते हुए दिल्ली के शिक्षा मंत्री आशीष सूद ने कहा कि यह घटना बेहद दुखद और अत्यंत चिंताजनक है। उन्होंने स्पष्ट किया कि इस मामले की सच्चाई सामने लाने के लिए निष्पक्ष और गहन जांच की जा रही है। जांच में जो भी तथ्य सामने आएंगे, उनके आधार पर नियमानुसार कड़ी कार्रवाई की जाएगी। स्थानीय विधायक अनिल गोयल भी मौके पर पहुंचे। फिलहाल पुलिस मृतका की सहेलियों, क्लासटीचर्स और स्कूल स्टाफ से पूछताछ कर रही है ताकि यह पता चल सके कि छात्रा ने इतना खौफनाक कदम किन परिस्थितियों में उठाया।



















