तारीख-पे-तारीख पड़ती देख इस दुल्हन ने लिया बड़ा फैसला

बार-बार शादी टली तो 80 किमी पैदल चल पहुंची दूल्हे के घर, मंदिर में हुयी शादी

लखनऊ/कानपुर देहात कोरोना वायरस फ़ैलाने के डर से लगे लॉकडाउन की वजह से सारे मांगलिक कार्यक्रम, त्योहारों के आयोजन और शादी-ब्याह टाल दिए गए हैं। शादियों की तय तारीखों को बार-बार टाला जा रहा है। लोगों को लगता है की फलां तारीख के बाद लॉकडाउन ख़त्म हो जाएगा, पर लॉकडाउन है की बढ़ता ही जा रहा है। शादी टालने से घर वालों को तो मुश्किल आती ही है, इसका बड़ा प्रभाव होने वाले दूल्हे और दुल्हन के मन पर भी पड़ता है। उन्हें बार-बार लगता है की उनका तमाशा बन रहा है। कुछ ऐसी ही मनःस्थिति के चलते एक अनोखा मामला सामने आया है जिसमें बार-बार शादी टालते देख एक सुबह दुल्हन ने दूल्हे के गाँव की राह पकड़ी और 80 किलोमीटर का सफर 12 घंटे में तय करके दूल्हे के घर जा पहुँची। पहले लोग चौंके, उन्हें अजीब भी लगा पर अन्ततः दुल्हन की मेहनत रंग लाई और उसी दिन गाँव वालों ने दोनों की शादी मंदिर में संपन्न करायी। जहां चाह वहां राह की कहावत को सही साबित करके इस दुल्हन ने आखिर दूल्हे राजा को पा ही लिया।

ये मामला कानपुर देहात का है। यहां के मंगलपुर की रहने वाली 19 साल की गोल्डी की 4 मई को लगी शादी को लॉकडाउन के बढ़ने की वजह से 17 मई कर दिया गया। फिर जब 17 मई का दिन आया तो पीएम मोदी ने चौथे लॉकडाउन का ऐलान कर दिया। इस तरह से बार-बार शादी टलने की वजह से दुल्हन में बड़ा फैसला लेते हुए ये कदम उठा लिया। दुल्हन के अनुसार 12 घंटे के सफर में उन्होंने कुछ नहीं खाया था। इस सफर में गोल्डी के साथ एक छोटा सा बैग भी था, जिसमें उसने अपने कुछ कपड़े आदि रखे थे।

परिवार की मंजूरी से मंदिर में हुयी शादी,

बार-बार शादी टलने से तंग आकर लगातार 12 घंटे पैदल चलकर दूल्हे वीरेंद्र कुमार राठौर के गांव कन्नौज के बैसपुर पहुंच गई। तो ऐसे में दूल्हे के परिवार वाले अचानक से दुल्हन को देखकर हैरान हो गए। उन्होंने फिर भी उसका स्वागत किया और उसके परिवार वालों से बात की। इसके बाद दोनों परिवारों की मंजूरी के बाद दूल्हे के गांव के एक मंदिर में विधि-विधान से गोल्डी और वीरेंद्र की शादी करा दी गई। गांव वालों ने भी दोनों की शादी का समर्थन किया और समारोह के दौरान सोशल डिस्टेंसिंग को बनाए रखा।

बढ़ती जा रही थी तारीख-पे-तारीख,4 मई से 17  फिर बढ़कर 31 हो गयी

दुल्हन गोल्डी ने बताया कि 4 मई को उसकी शादी तय की गई थी, जो लॉकडाउन के बार-बार टलने की वजह से टलती जा रही थी। हम लॉकडाउन 3.0 के खत्म होने का इंतजार कर रहे थे लेकिन उसे भी 17 मई से बढ़कार 31 मई तक कर दिया गया। आगे दुल्हन ने कहा कि हमारे परिवार के लोग शादी को फिर से टालने पर विचार कर रहे थे लेकिन मैंने फैसला किया कि मैं अपनी शादी के बीच इस महामारी को नहीं आने दूंगी। मैंने किसी को बताए बिना घर छोड़ दिया। दुल्हन गोल्डी ने 80 किलोमीटर का सफर 12 घंटे में तय किया और दूल्हे के गांव पहुंच गई।

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