
गाजियाबाद। उत्तर प्रदेश के गाजियाबाद जिले के क्रॉसिंग रिपब्लिक थाना क्षेत्र से एक दिल दहला देने वाली वारदात सामने आई है, जहां दोस्ती के पवित्र रिश्ते को एक बार फिर खून से लाल कर दिया गया। शांतिनगर कॉलोनी में बुधवार की देर रात एक युवक को उसके ही दोस्तों ने जन्मदिन की पार्टी के बहाने बुलाया और फिर चाकू से गोदकर बेरहमी से मौत के घाट उतार दिया। इस सनसनीखेज हत्याकांड के बाद हरकत में आई गाजियाबाद पुलिस ने मुख्य आरोपी गौरव शर्मा उर्फ गौरव पंडित को एक शॉर्ट एनकाउंटर (मुठभेड़) के बाद गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस की जवाबी कार्रवाई में आरोपी के पैर में गोली लगी है, जिसे इलाज के लिए जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया है।
हुक्का-शराब की पार्टी और फिर खूनी खेल
एसीपी वेव सिटी प्रिया श्रीपाल ने मामले का खुलासा करते हुए बताया कि शांतिनगर कॉलोनी के रहने वाले 22 वर्षीय मोहित शर्मा को उसी के इलाके के रहने वाले देव ने अपने जन्मदिन की पार्टी में घर बुलाया था। इस पार्टी में देव के अलावा हरि, गौरव शर्मा और कुछ अन्य दोस्त भी शामिल थे। रात करीब दो बजे तक कमरे के भीतर शराब और हुक्के का दौर चलता रहा। इसी बीच, बहन को गाली देने को लेकर पहले हुए एक विवाद का जिक्र छिड़ गया, जिसे लेकर गौरव और मोहित के बीच तीखी कहासुनी होने लगी। देखते ही देखते विवाद इतना बढ़ा कि गौरव ने पास रखा चाकू निकाला और कुर्सी पर बैठे मोहित पर ताबड़तोड़ हमला कर दिया।
जान बचाने को भागा, 20 मीटर दूर सड़क पर पटक कर रेता गला
पुलिस की शुरुआती तफ्तीश में जो सबसे खौफनाक पहलू सामने आया है, उसके मुताबिक चाकू लगने के बाद भी लहूलुहान मोहित खुद को बचाने के लिए कमरे से बाहर भागा। लेकिन बेरहम दोस्तों के सिर पर खून सवार था। आरोपियों ने करीब 20 मीटर दूर तक सड़क पर उसका पीछा किया, उसे बीच सड़क पर गिरा दिया और फिर उस पर चाकू से कई वार किए। कमरे से लेकर सड़क तक चारों तरफ खून के निशान बिखरे पड़े थे। वारदात के बाद सभी आरोपी मौके से फरार हो गए। मोहित के भाई मनीष ने तुरंत पुलिस को सूचना दी, जिसके बाद पुलिस घायल को एमएमजी अस्पताल लेकर पहुंची, जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया।
झाड़ियों से पुलिस पर चलाई गोली, मुठभेड़ में आरोपी गिरफ्तार
हत्याकांड के बाद फरार हुए आरोपियों की तलाश में जुटी पुलिस टीम जब मुख्य आरोपी गौरव शर्मा को लेकर आलाकत्ल (हथियार) बरामद करने के लिए जल प्लांट के पास डंपिंग ग्राउंड पहुंची, तो आरोपी ने पुलिस को चकमा देने की कोशिश की। झाड़ियों में छिपाकर रखे गए एक अवैध तमंचे को निकालकर गौरव पंडित ने पुलिस टीम पर सीधे फायर झोंक दिया। पुलिस ने आत्मरक्षार्थ जवाबी कार्रवाई की, जिसमें एक गोली गौरव के पैर में लगी और वह वहीं गिर पड़ा। पुलिस ने उसे दबोच लिया और तुरंत इलाज के लिए अस्पताल भिजवाया।
हाईवे जाम कर हंगामा, आरोपी के घर में तोड़फोड़
मोहित की मौत की खबर मिलते ही गुरुवार की सुबह परिजनों और स्थानीय निवासियों का गुस्सा फूट पड़ा। उग्र भीड़ ने एनएच-9 (NH-9) पर पहुंचकर विजयनगर बाईपास को पूरी तरह जाम कर दिया। परिजन आरोपियों के एनकाउंटर या फांसी की मांग कर रहे थे। जाम के चलते नेशनल हाईवे और क्रॉसिंग रिपब्लिक कट पर गाड़ियों की मीलों लंबी कतारें लग गईं। इस दौरान भीड़ और पुलिस के बीच तीखी धक्का-मुक्की भी हुई। यही नहीं, गुस्से में लाल कुछ लोगों ने आरोपी देव के घर पर धावा बोल दिया, वहां जमकर तोड़फोड़ की और किराएदारों से जबरन मकान खाली करा दिया। हालात बिगड़ते देख मौके पर छह थानों की पुलिस फोर्स बुलानी पड़ी, जिसने स्थिति को नियंत्रित कर मकान को सील कर दिया।
15 दिन पहले खाटूश्याम यात्रा के दौरान भी हुआ था विवाद
मृतक की बहन गुनगुन ने बताया कि मोहित ऑटो चलाता था। परिवार का आरोप है कि करीब 15 दिन पहले भी मोहित का गौरव और देव से गंभीर विवाद हुआ था, तब गौरव ने उसे 15 दिन के भीतर जान से मारने की धमकी दी थी। हालांकि बाद में उनके बीच समझौता हो गया था। 25 जून को आरोपी मोहित को खाटूश्याम दर्शन के बहाने अपने साथ ले गए थे, वहां भी रास्ते में झगड़ा हुआ था। इस दौरान मोहित ने अपने फुफेरे भाई प्रथम को वीडियो कॉल कर कहा था कि ‘अगर मुझे कुछ भी होता है, तो इसके जिम्मेदार मेरे ये दोस्त ही होंगे।’ खाटूश्याम के बाद आरोपी उसे हरिद्वार भी लेकर गए थे, जिससे साफ है कि हत्या की साजिश काफी समय से रची जा रही थी।
गाजियाबाद में दोस्ती के कत्ल की पुरानी दास्तानें
गाजियाबाद में स्वार्थ और जलन के चलते दोस्ती के खून से लाल होने का यह पहला मामला नहीं है। हाल के दिनों में ऐसे कई मामले सामने आए हैं जिन्होंने समाज को झकझोर कर रख दिया है:
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चिराग त्यागी हत्याकांड (30 मई 2026): अंतरराष्ट्रीय पैरा एथलीट चिराग त्यागी की हत्या उसके ही दोस्त यश खटीक ने सिर्फ इसलिए कर दी क्योंकि चिराग कामयाबी की बुलंदियों पर पहुंच गया था और यश पीछे रह गया था। इस जलन ने दोस्ती का अंत कर दिया।
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बकरीद पर टूटा भरोसा (29 मई 2026): नवनीत विहार कॉलोनी में 11वीं के छात्र सूर्या को उसके दोस्त असद ने गले मिलकर ईद की मुबारकबाद देने के बहाने बुलाया और चाकू मारकर उसकी जान ले ली।
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गिल्ली-डंडे के विवाद में मर्डर (25 मई 2026): विजय विहार कॉलोनी में गिल्ली-डंडा खेलते समय हुई मामूली बहस में ऑटो चालक आफताब की उसके दोस्त नदीम ने हत्या कर दी थी।







