लखनऊ। उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ से रिश्तों को कलंकित करने और कानून व्यवस्था को चुनौती देने वाली एक बेहद सनसनीखेज वारदात सामने आई है। दिल्ली में रहकर संघ लोक सेवा आयोग (UPSC) की तैयारी कर रही जौनपुर की एक युवती के साथ लखनऊ में बंधक बनाकर सामूहिक दुष्कर्म (Gangrape) का मामला प्रकाश में आया है। आरोप है कि पीड़िता के एक पुराने परिचित ने उसे बहला-फुसलाकर चारबाग रेलवे स्टेशन पर ट्रेन से उतार लिया और फिर सुशांत गोल्फ सिटी इलाके के एक कमरे में ले जाकर अपने दोस्तों के साथ मिलकर तीन दिनों तक उसका शारीरिक व मानसिक शोषण किया।
वारदात को अंजाम देने के बाद आरोपी पीड़िता को वापस उसी ट्रेन में बैठाकर दिल्ली भेजकर खुद फरार हो गए। दिल्ली पहुंचने पर जीआरपी (GRP) और दिल्ली पुलिस की मदद से जीरो एफआईआर दर्ज कर मामला लखनऊ पुलिस को ट्रांसफर किया गया है।
एडमिट कार्ड लेने दिल्ली लौट रही थी UPSC एस्पिरेंट
जानकारी के मुताबिक, पीड़िता मूल रूप से जौनपुर जिले की रहने वाली है। वह दिल्ली के एक प्रतिष्ठित निजी कॉलेज से बीए ऑनर्स की पढ़ाई करने के साथ-साथ यूपीएससी (UPSC) की तैयारी भी कर रही है। कॉलेज में छुट्टियां होने के कारण वह बीती 1 मई को अपने घर जौनपुर आई हुई थी।
15 मई को वह अपनी आगामी परीक्षा का एडमिट कार्ड लेने के लिए सुहेलदेव एक्सप्रेस से वापस दिल्ली लौट रही थी। युवती के पिता ने उसे खुद जौनपुर के जाफराबाद स्टेशन से ट्रेन में बैठाया था, लेकिन उन्हें अंदाजा नहीं था कि रास्ते में उनकी बेटी के साथ इतनी बड़ी हैवानियत होने वाली है।
चार साल पुराने परिचित ने जाल बिछाकर चारबाग स्टेशन पर उतारा
ट्रेन के सफर के दौरान युवती ने अपने पुराने परिचित शिवम यादव को मोबाइल पर मैसेज किया। शिवम भी जौनपुर के जलालपुर का रहने वाला है और दोनों के परिवार पिछले चार-पांच साल से एक-दूसरे को अच्छी तरह जानते थे। मैसेज मिलने के बाद शिवम अपने दोस्त शनि यादव के साथ लखनऊ के चारबाग रेलवे स्टेशन पहुंच गया।
जब ट्रेन चारबाग रुकी, तो शिवम ने बार-बार जिद करके और भरोसा देकर युवती को ट्रेन से नीचे उतार लिया। उसने युवती से कहा कि वह उसके परिवार वालों से खुद बात कर लेगा और कोई समस्या नहीं होगी। जान-पहचान और रिश्तेदारी का हवाला दिए जाने पर युवती उसके झांसे में आ गई। इसके बाद शिवम उसे सुशांत गोल्फ सिटी इलाके में मेदांता अस्पताल के पास स्थित अपने किराए के कमरे पर ले गया।
कॉफी में नशीला पदार्थ मिलाकर किया दुष्कर्म, दोस्तों ने भी ढहाया कहर
पीड़िता ने पुलिस को दी अपनी शिकायत में बताया कि कमरे पर पहुंचने के बाद आरोपियों ने बाहर से खाना मंगवाया। खाना खाने के बाद मुख्य आरोपी शिवम ने उसे पीने के लिए कॉफी दी। आरोप है कि कॉफी में कोई नशीला पदार्थ मिला हुआ था, जिसे पीने के कुछ ही देर बाद युवती को चक्कर आने लगे और वह अर्धबेहोशी की हालत में चली गई। इसी लाचारी का फायदा उठाकर शिवम ने उसके साथ जबरदस्ती की। विरोध करने पर जान से मारने की धमकी दी गई।
अगले दिन शिवम का दोस्त शनि यादव भी कमरे पर पहुंच गया और उसने भी युवती की बेबसी का फायदा उठाते हुए जबरन शारीरिक संबंध बनाए। तीसरे दिन एक और अज्ञात युवक वहां आया, जिसे पीड़िता नहीं जानती थी। आरोप है कि इसके बाद तीनों आरोपियों ने युवती को कमरे में कैद कर बारी-बारी से उसके साथ सामूहिक दुष्कर्म किया। जब भी आरोपी बाहर जाते, कमरे का दरवाजा बाहर से लॉक कर देते थे।
रेलवे हेल्पलाइन ‘139’ की मदद से आनंद विहार थाने में दर्ज हुआ केस
लगातार तीन दिन तक हैवानियत का शिकार बनाने के बाद, आरोपियों ने चारबाग स्टेशन के लिए एक ऑनलाइन कैब बुक की और डरी-सहमी युवती को दोबारा सुहेलदेव एक्सप्रेस में बैठाकर दिल्ली के लिए रवाना कर दिया। ट्रेन में सफर के दौरान सदमे से उबरकर युवती ने किसी तरह अपने परिवार को फोन कर पूरी आपबीती सुनाई।
परिजनों ने बिना देर किए तुरंत रेलवे हेल्पलाइन नंबर 139 पर कॉल कर मदद मांगी। सूचना मिलते ही जीआरपी (GRP) की एक्टिव टीम चलती ट्रेन में पीड़िता के कोच तक पहुंची और सुरक्षा घेरे में लिया। ट्रेन के दिल्ली पहुंचने पर उसे आनंद विहार थाने ले जाया गया, जहां परिजनों की मौजूदगी में महिला पुलिस अधिकारियों ने उसके बयान दर्ज कर शून्य (Zero) प्राथमिकी दर्ज की।
आरोपियों की तलाश में लखनऊ पुलिस की 5 टीमें गठित, दबिश जारी
चूंकि वारदात का मुख्य घटनास्थल लखनऊ का सुशांत गोल्फ सिटी इलाका था, इसलिए दिल्ली पुलिस ने केस डायरी को आवश्यक कानूनी कार्रवाई के लिए लखनऊ कमिश्नरेट पुलिस को ट्रांसफर कर दिया।
लखनऊ पुलिस के आला अधिकारियों के मुताबिक, मामले की संवेदनशीलता को देखते हुए सुशांत गोल्फ सिटी थाने में नामजद मुकदमा दर्ज कर लिया गया है। आरोपियों की सरगर्मी से तलाश और गिरफ्तारी के लिए 5 विशेष पुलिस टीमें गठित की गई हैं, जो जौनपुर, लखनऊ और संभावित ठिकानों पर ताबड़तोड़ दबिश दे रही हैं। पुलिस का दावा है कि आरोपियों के बेहद करीबी होने के कारण उनके तमाम सुराग हाथ लग चुके हैं और जल्द ही सभी सलाखों के पीछे होंगे।











