
नर्मदापुरम, 13 जनवरी (हि.स.)। जनता दल यूनाइटेड के पूर्व राष्ट्रीय अध्यक्ष और पूर्व केंद्रीय मंत्री शरद यादव के निधन की खबर से जिले में स्थित उनके पैत्रक गांव आंखमऊ में मातम पसरा है। 1947 में बाबई तहसील के इसी गांव में शरद यादव का जन्म हुआ था। पारवारिक सूत्रों के अनुसार उनका अंतिम संस्कार भी 14 जनवरी को यहीं किया जाएगा, जिसकी तैयारियां प्रशासन ने शुरू कर दी हैं।
समाजवादी नेता शरद यादव का 75 वर्ष की उम्र में गुरुवार रात को निधन हो गया। उन्होंने गुरुग्राम के फोर्टिस अस्पताल में अंतिम सांस ली। पारिवारिक सूत्रों के अनुसार उनकी पार्थिव देह फिलहाल अंतिम दर्शन के लिए दिल्ली में उनके निवास पर रखी गई है, लेकिन उनका अंतिम संस्कार शनिवार को नर्मदापुरम जिले के माखननगर में स्थित उनके पैतृक ग्राम आंखमऊ में किया जाएगा। उनकी पार्थिव देह दिल्ली से भोपाल लाई जाएगी, जिसके बाद नर्मदापुरम जिले के माखननगर विकासखंड के ग्राम आंखमऊ में उनका अंतिम संस्कार किया जाएगा।
शरद यादव के निधन की खबर से पूरे गांव में मातम का माहौल है। लोग उनके जीवनकाल की बातों को याद कर रहे हैं। अंतिम संस्कार गांव के ही श्मशान घाट पर किया जाएगा। स्थानीय प्रशासन ने अंतिम संस्कार की तैयारियां शुरू कर दी हैं। उनकी अंतिम यात्रा में बड़ी संख्या में नेताओं के शामिल होने की संभावना जताई जा रही है। शरद यादव की गिनती देश के बड़े समाजवादी राजनेताओं में होती थी। वह अमूमन होली पर्व के दौरान अपने गांव में ही रहना पसंद करते थे।












