धार: मध्य प्रदेश के धार जिले में हुए चर्चित देवकृष्ण पुरोहित हत्याकांड ने पूरे प्रदेश को झकझोर कर रख दिया है। पुलिस द्वारा आरोपी पत्नी प्रियंका की गिरफ्तारी के बाद अब मृतक के परिजनों का वो दर्द सामने आया है, जो लंबे समय से घर की चारदीवारी के भीतर घुट रहा था। मृतक की मां लक्ष्मी बाई और बहन ज्योति ने रोते हुए खुलासा किया कि कैसे घर में एक ‘शीत युद्ध’ चल रहा था, जिसका खौफनाक अंत देवकृष्ण की हत्या के रूप में हुआ।
“तुम काले हो, मुझे डिजर्व नहीं करते”: ताने और मानसिक प्रताड़ना की कहानी
मृतक की बहन ज्योति ने बताया कि प्रियंका अपने पति देवकृष्ण को बात-बात पर नीचा दिखाती थी। वह अक्सर कहती थी, “तुम काले हो, तुम मुझे डिजर्व नहीं करते। मेरे लायक तो कोई अच्छा सा लड़का होना चाहिए। तुम मुझे खुश नहीं रख पा रहे हो, मुझे तलाक दे दो।” ज्योति के अनुसार, प्रियंका को जबरदस्ती ससुराल में रखा गया था। वह किसी से सीधी बात नहीं करती थी और भाई के करीब आने पर चिड़चिड़ाहट जाहिर करती थी।
4 साल से चल रहा था ‘खिड़की वाला’ इश्क, प्रेमी लगाता था गांव के चक्कर
परिजनों ने आरोप लगाया है कि प्रियंका का साल 2020 से ही अवैध संबंध चल रहा था। ज्योति के मुताबिक, प्रियंका का प्रेमी हर 3-4 दिन में गांव के चक्कर काटता था और प्रियंका खिड़की पर खड़ी होकर उसे देखती रहती थी। मोबाइल पर घंटों बातें करना और विरोध करने पर झगड़ा करना उसकी आदत बन गई थी। मां लक्ष्मी बाई ने बताया कि प्रियंका 4 दिन ससुराल में रहती थी तो 15 दिन मायके में। समाज के समझाने पर वह वापस तो आई, लेकिन उसके मन में नफरत और साजिश पल रही थी।
1 लाख की सुपारी और ‘लूट’ की झूठी पटकथा
पुलिस जांच में सामने आया कि प्रियंका और उसके प्रेमी कमलेश ने देवकृष्ण को रास्ते से हटाने के लिए 1 लाख रुपये की सुपारी दी थी। कमलेश ने अपने दोस्त सुरेंद्र को यह काम सौंपा। वारदात वाली रात जब देवकृष्ण गहरी नींद में था, तब सुरेंद्र घर में घुसा और उसकी हत्या कर दी। खुद को बेकसूर दिखाने के लिए प्रियंका ने फिल्मी स्टाइल में खुद को दूसरे कमरे में बंद कर लिया और घर के जेवर खुद ही छिपा दिए ताकि पुलिस इसे लूट की वारदात समझे।
बाल विवाह और अनचाहे रिश्ते का खूनी अंजाम
एसपी मयंक अवस्थी के नेतृत्व में जब फॉरेंसिक और साइबर सेल ने जांच की, तो प्रियंका की कहानी में झोल नजर आया। घर में किसी बाहरी के जबरन घुसने के निशान नहीं मिले थे। सख्ती से पूछताछ में प्रियंका टूट गई। जांच में पता चला कि दोनों का विवाह महज 15 वर्ष की आयु में (बाल विवाह) कर दिया गया था। प्रियंका, कमलेश से प्यार करती थी और देवकृष्ण को अपना पति स्वीकार करने को तैयार नहीं थी।
फरार सुपारी किलर की तलाश तेज, मां ने मांगी फांसी
पुलिस ने कातिल पत्नी प्रियंका और उसके प्रेमी कमलेश को सलाखों के पीछे भेज दिया है। ‘लूट’ का नाटक करने के लिए छिपाए गए जेवर भी बरामद कर लिए गए हैं। हालांकि, सुपारी किलर सुरेंद्र अभी भी फरार है, जिसकी तलाश में पुलिस दबिश दे रही है। इधर, बेटे को खोने वाली मां लक्ष्मी बाई का रो-रोकर बुरा हाल है, उन्होंने मांग की है कि ऐसी बहू को सिर्फ और सिर्फ फांसी की सजा मिलनी चाहिए।












