दिल्ली में दरिंदगी: IRS अफसर की बेटी का कातिल 4 दिन की रिमांड पर, बोला- ‘दीदी पैसे दे देतीं तो यह सब नहीं होता

नई दिल्ली : देश की राजधानी दिल्ली के पॉश इलाके कैलाश हिल्स में हुए रोंगटे खड़े कर देने वाले हत्याकांड में नया खुलासा हुआ है। आईआईटी दिल्ली (IIT Delhi) की पूर्व छात्रा और आईआरएस अधिकारी की 22 वर्षीय बेटी की हत्या के आरोपी राहुल मीणा को साकेत कोर्ट ने 4 दिन की पुलिस रिमांड पर भेज दिया है। पुलिस पूछताछ में आरोपी की जो सनक सामने आई है, उसने जांच अधिकारियों के भी होश उड़ा दिए हैं। आरोपी के चेहरे पर न तो कोई पछतावा है और न ही कानून का डर।

बेरहम कातिल का कबूलनामा: “पैसे लूटने गया था, बस सब हो गया”

न्यूज़ एजेंसी के अनुसार, राजस्थान के निवासी राहुल मीणा ने पुलिस के सामने ठंडे दिमाग से अपना जुर्म कबूल किया है। उसने बेशर्मी से कहा कि उसका मकसद सिर्फ लूटपाट था। आरोपी ने जांच अधिकारियों से यहाँ तक कह दिया, “अगर दीदी चुपचाप पैसे दे देतीं, तो यह सब नहीं होता।” गौरतलब है कि आरोपी उसी घर में घरेलू सहायक था और परिवार उस पर आंख मूंदकर भरोसा करता था। उसे 20 हजार रुपये महीना वेतन और बोनस भी दिया जाता था, लेकिन उसने उसी थाली में छेद किया जिसका उसने नमक खाया था।

UPSC की तैयारी कर रही थी बिटिया, दो साल से छत पर बनाया था स्टडी रूम

मृतका न केवल एक काबिल कंप्यूटर इंजीनियर थी, बल्कि अपने माता-पिता के सिविल सेवक बनने के सपने को पूरा करने के लिए जी-जान से जुटी थी। अपनी पढ़ाई में एकाग्रता बनी रहे, इसके लिए उसने घर की छत पर ही अपना अलग कमरा (स्टडी रूम) बनाया था। पूरा कमरा किताबों और यूपीएससी (UPSC) के नोट्स से भरा हुआ था। उसे क्या पता था कि जिस एकांत को वह अपनी सफलता का रास्ता मान रही है, उसी का फायदा उठाकर घर का भेदी लंका ढा देगा।

साजिश का खौफनाक जाल: उंगली से डिजिटल लॉक खोलने की कोशिश

दिल्ली पुलिस की जांच में यह साफ हो गया है कि यह महज एक आवेश में की गई हत्या नहीं, बल्कि एक सुनियोजित साजिश थी।

  • धोखा: आरोपी ने बहाना बनाया कि उसे ‘आंटी’ ने पैसे देने के लिए बुलाया है।

  • दरिंदगी: कमरे में घुसते ही उसने छात्रा का गला घोंटने की कोशिश की और बेहोशी की हालत में उसके साथ दुष्कर्म (संदेह के आधार पर) किया। इसके बाद भारी वस्तु से हमला कर उसकी जान ले ली।

  • डिजिटल लॉक: सबसे चौंकाने वाली बात यह रही कि हत्या के बाद आरोपी ने मृतका की उंगली का इस्तेमाल कर घर का डिजिटल लॉक खोलने की कोशिश की, ताकि वह बड़ी लूट को अंजाम दे सके।

सट्टेबाजी की लत और भागने का प्लान: ऐसे चढ़ा पुलिस के हत्थे

वारदात को अंजाम देने के बाद आरोपी ने अपना और अपने परिवार का मोबाइल फोन बेच दिया ताकि पुलिस उसे ट्रैक न कर सके। उसने चोरी के पैसों का इस्तेमाल ऑनलाइन सट्टेबाजी में किया। पुलिस के अनुसार, आरोपी पालम रेलवे स्टेशन से भागने की फिराक में था, लेकिन ट्रेन छूट जाने के कारण वह एक होटल में छिप गया। दिल्ली पुलिस ने तकनीकी सर्विलांस की मदद से उसे धर दबोचा। अब रिमांड के दौरान पुलिस वारदात की हर कड़ी को जोड़ने की कोशिश करेगी।

खबरें और भी हैं...

Leave a Comment