
आईएएस पद से इस्तीफा स्वीकार
उत्तर प्रदेश कैडर की तेजतर्रार 2013 बैच की आईएएस अधिकारी दिव्या मित्तल का इस्तीफा केंद्र सरकार के कार्मिक एवं प्रशिक्षण विभाग (DoPT) ने मंजूर कर लिया है। उन्होंने व्यक्तिगत कारणों, पारिवारिक जिम्मेदारियों और जीवन के नए लक्ष्यों को ध्यान में रखते हुए 30 अगस्त को अपने पद से त्यागपत्र देने की घोषणा की थी। DoPT की मंजूरी के बाद यह फैसला 15 सितंबर से आधिकारिक रूप से प्रभावी हो गया है।
लंदन का आकर्षक करियर छोड़ भारत लौटी थीं दिव्या दिव्या मित्तल की शैक्षणिक और व्यावसायिक पृष्ठभूमि बेहद प्रेरणादायक रही है। देश के शीर्ष संस्थानों आईआईटी दिल्ली (IIT Delhi) और आईआईएम बेंगलुरु (IIM Bangalore) से उच्च शिक्षा प्राप्त करने के बाद उन्होंने लंदन में एक प्रतिष्ठित और उच्च वेतन वाली नौकरी से अपने करियर की शुरुआत की थी। हालांकि, जनसेवा की भावना से प्रेरित होकर वह भारत लौट आईं और यूपीएससी की तैयारी शुरू की। उन्होंने अपने पहले प्रयास में आईपीएस (IPS) और दूसरे प्रयास में साल 2013 में आईएएस (IAS) की परीक्षा में सफलता प्राप्त की। उनके पति गगनदीप सिंह ने भी वर्ष 2022 में अपनी सरकारी सेवा छोड़कर उद्यमिता (Entrepreneurship) की राह चुनी थी।
प्रशासनिक उपलब्धियां और नई पारी के संकेत मिर्जापुर, बस्ती और देवरिया जिलों में जिलाधिकारी (DM) के रूप में तैनात रहीं दिव्या मित्तल को उनकी सख्त और निर्णय लेने वाली प्रशासनिक कार्यशैली के लिए जाना जाता है। मिर्जापुर में उनके कार्यकाल के दौरान आजादी के 75 वर्षों के बाद ग्रामीण क्षेत्रों में स्थायी पेयजल व्यवस्था पहुंची थी, जिसकी काफी सराहना हुई। DoPT द्वारा इस्तीफा मंजूर किए जाने के बाद उन्होंने सोशल मीडिया पर महाकवि जयशंकर प्रसाद की प्रसिद्ध पंक्तियां “प्रशस्त पुण्य पंथ है, बढ़े चलो, बढ़े चलो” साझा कर जीवन की नई यात्रा शुरू करने के स्पष्ट संकेत दिए हैं।
इस्तीफे पर शुरू हुई राजनीति दिव्या मित्तल के प्रशासनिक सेवा छोड़ने के फैसले के बाद उत्तर प्रदेश में राजनीतिक बयानबाजी का दौर भी शुरू हो गया है। समाजवादी पार्टी के प्रमुख ने आरोप लगाया कि राज्य प्रशासन में निष्पक्ष और ईमानदार अधिकारियों के लिए काम करने का माहौल नहीं बन पा रहा है। वहीं, प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष अजय राय ने राज्यपाल को पत्र लिखकर इस मामले में हस्तक्षेप की मांग की थी। इसके साथ ही उन्होंने यह भी संकेत दिया था कि यदि दिव्या मित्तल भविष्य में कांग्रेस के बैनर तले चुनाव लड़ने की इच्छा जताती हैं, तो पार्टी इस पर सकारात्मक विचार करेगी।










