
–आयुक्त, सहायक पुलिस आयुक्त, अपर पुलिस उपायुक्तों, सहायक पुलिस आयुक्तों कार्य पालक मजिस्ट्रेट होंगे
आगरा। उ0प्र0 शासन द्वारा अधिसूचना जारी की गई थी, जिसके क्रम में प्रभावी शान्ति एवं कानून व्यवस्था, अपराध नियंत्रण, महिला अपराध नियंत्रण, यातायात प्रबंधन आदि को सुदृढ़ करने के सम्बन्ध में जनपद आगरा में कमिशनर प्रणाली लागू की गई ।जिसके बाद पुलिस आयुक्त, सहायक पुलिस आयुक्त, अपर पुलिस उपायुक्तों, सहायक पुलिस आयुक्तों कार्य पालक मजिस्ट्रेट होंगे ।
इस बारे में जानकारी देते हुए पुलिस आयुक्त डा0 प्रीतिन्दर सिंह ने अवगत कराया है कि आगरा में कमिशनर प्रणाली लागू करने के लिये उ0प्र0 शासन द्वारा अधिसूचना जारी की गई थी। इसी क्रम में उ0प्र0 शासन, के गृह अनुभाग की अधिसूचना द्वारा आगरा महानगर के पुलिस आयुक्त, सहायक पुलिस आयुक्त, अपर पुलिस उपायुक्तों, सहायक पुलिस आयुक्तों को कार्य पालक मजिस्ट्रेट के रूप में नियुक्त किया गया है । इस अधिसूचना के पैरा 02 में दण्ड प्रक्रिया संहिता 1973 (अधिनियम सं0-02, 1974) की धारा 20 की उपधारा (2) के अधीन पदत्त शक्तियों का प्रयोग करके राज्यपाल द्वारा उपर्युक्त उल्लिखित आगरा महानगर के अपर पुलिस आयुक्त, संयुक्त पुलिस आयुक्त व पुलिस आयुक्त को अपर जिला मजिस्ट्रेट नियुक्त किया गया है। अधिसूचना के पैरा-03 में उपर्युक्त पैरा-02 में यथा नियुक्त अपर जिला मजिस्ट्रेटों को उनकी अपनी-अपनी अधिकारिताओं के अन्तर्गत दण्ड प्रक्रिया संहित 1973 एवं निम्नलिखित अधिनियमों के अधीन, जिला मजिस्ट्रेट की समस्त शक्तियां प्रदान की गई है । जिसमे उत्तर प्रदेश गुण्डा नियंत्रण अधिनियम-1970, विष अधिनियम-1919, अनैतिक व्यापार (निवारण) अधिनियम, 1956, पुलिस (द्रोह-उद्दीपन) अधिनियम, 1960, पशुओं के प्रति क्रूरता निवारण अधिनियम-1960, विस्फोटक अधिनियम – 1884, कारागार अधिनियम-1894 , शासकीय गुप्त बात अधिनियम- 1923, विदेशियों विषयक अधिनियम,-1946, गैर कानूनी गतिविधियों (रोकथाम) अधिनियम-1967, पुलिस अधिनियम,-1861, उत्तर प्रदेश अग्निशमन सेवा अधिनियम-1944, उत्तर प्रदेश अग्नि निवारण एवं अग्नि सुरक्षा अधिनियम- 2005, उत्तर प्रदेश गिरोहबन्द और समाज विरोध क्रियाकलाप (निवारण) अधिनियम, 1986 है ।
राज्यपाल द्वारा जारी इस अधिसूचना द्वारा प्रदत्त शक्तियों के क्रम में दण्ड प्रक्रिया संहिता तथा उपर्युक्त 14 अधिनियमों के अन्तर्गत अपर जिला मजिस्ट्रेट की शक्तियों का प्रयोग करते हुये उपर्युक्त अधिनियमों की सूची में अंकित अधिनियमों के क्रम संख्याः 01 व 14 के अन्तर्गत उ0प्र0 गुण्डा नियंत्रण अधिनियम, 1970 एवं उत्तर प्रदेश गिरोहबन्द और समाज विरोध क्रियाकलाप (निवारण) अधिनियम, 1986 के अभियोगों की सुनवाई पुलिस आयुक्त, आगरा व अपर पुलिस आयुक्त द्वारा की जायेगी। उत्तर प्रदेश गिरोहबन्द और समाज विरोधी क्रियाकलाप (निवारण) अधिनियम 1986 के अन्तर्गत कार्यवाही हेतु गैंग चार्ट का अनुमोदन पुलिस आयुक्त, आगरा द्वारा किया जायेगा। इसके लिये उपयुक्त अधिकारी की अधिकारिता और शक्तियों का विस्तार संपूर्ण आगरा का महानगर क्षेत्र होगा।












