
गोंडा : जिले में मानसून के बाद जलस्तर बढ़ने और नेपाल से छोड़े गए पानी के तेज बहाव के कारण घाघरा और सरयू नदियों में मगरमच्छ एवं घड़ियाल पहुंच गए हैं। इससे ग्रामीणों में हड़कंप मच गया है। करनैलगंज से अयोध्या सीमा तक सरयू नदी के किनारे इनकी हलचल देखी गई है।
जिले के बच्ची माझा और करनैलगंज क्षेत्र के दो वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल होने के बाद प्रशासन अलर्ट हो गया है। अब तक दो लोगों की मौत तथा कई लोगों के घायल होने की खबर है।
करनैलगंज और तरबगंज तहसील के 12 से अधिक तटीय गांवों के लिए प्रशासन ने चेतावनी जारी की है। लोगों से अपील की गई है कि वे नदी किनारे न जाएं, बच्चों और बुजुर्गों को साथ लेकर नदी के पास न जाएं, पशुओं को पानी में न ले जाएं तथा नदी में नहाने और मछली पकड़ने से बचें। सभी तटीय इलाकों में चेतावनी बोर्ड लगाए गए हैं और वन विभाग की लगातार गश्त जारी है।
वन विभाग का कहना है कि तेज बहाव के कारण ये जलीय जीव बहकर नदी के किनारों तक आ सकते हैं। इसलिए स्थिति सामान्य होने तक सतर्क रहना आवश्यक है।
जिलाधिकारी प्रियंका निरंजन ने अधिकारियों को लोगों के बीच जागरूकता अभियान चलाने के निर्देश दिए हैं। वहीं, प्रमुख सचिव राजस्व अपर्णा यू. ने बताया कि मंडलायुक्त के अनुसार बरसात के दौरान मगरमच्छ नदी के किनारों तक आ जाते हैं, इसलिए जनजागरूकता बेहद जरूरी है।









