
भास्कर समाचार सेवा
मेरठ।सरधना। बिनोली रोड पर मंडी परिसर में गोवंश एवं पशु पक्षी सेवा संस्थान ट्रस्ट द्वारा चलाई जा रही अस्थाई गौशाला में मंडी समिति के अधिकारियों द्वारा बुलडोजर चलाकर तोड़फोड़ करने के मामले को लेकर ट्रस्ट के पदाधिकारियों एवं समाज के लोगों में भारी रोष है। जिसके बाद उन्होंने हंगामा करते हुए उच्च अधिकारियों से बात की और बिना किसी सूचना के तोड़फोड़ करने वालों के खिलाफ कार्रवाई की मांग के साथ इस कार्य को पुनः कराए जाने की मांग की। उपजिलाधिकारी के आश्वासन आक्रोशित लोग शांत हुए।

गोवंश एवं पशु पक्षी सेवा संस्थान ट्रस्ट के अध्यक्ष आलोक जैन ने बताया कि रविवार की सुबह मंडी समिति परिसर स्थित अस्थाई गौशाला में मंडी समिति के कर्मचारी सुशील कुमार, सचिन कुमार व आशीष कुमार आदि द्वारा बुलडोजर लेकर पशुओं के लिए की गई बैरीकेटिंग पर बुलडोजर चला दिया। जिसकी सूचना पर समाज के सैकड़ों लोग वहां पहुंच गए और विरोध जताया। उच्च अधिकारियों से बात करने के बाद मंडी समिति के अधिकारियों ने बुलडोजर रोका, लेकिन तब तक भारी नुकसान कर चुके थे। उन्होंने बताया कि पशुपालन विभाग व सरधना शासन द्वारा संचालित अस्थाई गौशाला जिसकी देखरेख गोवंश एवं पशु पक्षी संस्था ट्रस्ट द्वारा पिछले 4 वर्षों से सामाजिक सहभागिता से नगर के समस्त जिम्मेदार लोगों के द्वारा किया जा रहा है। इस समय अस्थाई इस गौशाला में लगभग 300 गोवंश है जिनके पालन पोषण के लिए सरकार द्वारा प्रत्येक गोवंश के लिए मात्र 30 रूपये दिए जाते हैं। जबकि एक गोवंश के पोषण में लगभग डेढ़ सो रुपये का खर्च होते है।
बिना किसी आदेश के कर्मचारियों ने चलाया बुलडोजर
आलोक जैन ने बताया कि यह गौशाला जिलाधिकारी अनिल ढींगरा व कमिश्नर सुरेंद्र सिंह के समय में बनाई गई थी, जिसका उन्होंने निरीक्षण भी किया था। गौशाला की बैरिकेटिंग के लिए अपने अधीनस्तों को जिम्मेदारी दी थी। मंत्री संजीव बालियान ने गौशाला की बैरिकेटिंग के विषय में उप जिलाधिकारी एवं बीडीओ को निर्देशित किया था। इसके पश्चात ही ग्राम प्रधान सरधना देहात द्वारा उनकी निधि से बैरिकेटिंग का कार्य कराया गया था। जिसे बिना किसी आदेश व पूर्व सूचना के मनमाने तरीके से मंडी समिति के कर्मचारियों ने बुलडोजर चलाकर ध्वस्त किया है।
पुलिस पहुंचने पर रुका बुलडोजर
इस संबंध में पहले 112 नंबर पर पुलिस को सूचना दी गई, इसके बाद उच्चाधिकारियों को भी मंडी समिति के कर्मचारियों द्वारा किए गए इस कार्य से अवगत कराया गया। तब जाकर मंडी समिति के कर्मचारी बुलडोजर लेकर वापस हुए।
यह कहना है एसडीएम का
इस दौरान उप जिलाधिकारी सत्यप्रकाश से भी बात की गई तो उन्होंने की गयी तोड़फोड़ को सही कराए जाने का आश्वासन दिया है।













