
अयोध्या। श्रीराम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट के विस्तार को लेकर बड़ा फैसला लिया गया है। ट्रस्ट में तीन नए सदस्यों को शामिल किया गया है। इनमें निर्मला यादव, मदन मोहन पांडे और महेश भागचंदका शामिल हैं। ट्रस्ट के विस्तार के साथ ही निर्मला यादव पहली महिला सदस्य के तौर पर शामिल हुई हैं।
निर्मला यादव पहले भी विश्व हिंदू परिषद (VHP) से जुड़े निधि समर्पण अभियान में सक्रिय भूमिका निभा चुकी हैं। राम मंदिर निर्माण के लिए चलाए गए इस अभियान के दौरान उन्होंने संगठन के साथ मिलकर महत्वपूर्ण जिम्मेदारियां संभाली थीं।
अशोक सिंघल फाउंडेशन से जुड़े हैं महेश भागचंदका
ट्रस्ट में शामिल किए गए दूसरे नए सदस्य महेश भागचंदका हैं। वह विश्व हिंदू परिषद के पूर्व अध्यक्ष और राम मंदिर आंदोलन के प्रमुख चेहरों में रहे दिवंगत अशोक सिंघल के संबंधी बताए जाते हैं। वर्तमान में वह अशोक सिंघल फाउंडेशन का संचालन कर रहे हैं।
धार्मिक और राम मंदिर से जुड़े आयोजनों में भी भागचंदका की सक्रियता रही है। 2020 में राम मंदिर भूमिपूजन समारोह के दौरान उन्होंने मुख्य यजमान की भूमिका निभाई थी। इसके बाद 2024 में राम मंदिर प्राण-प्रतिष्ठा समारोह में भी वह अपने परिवार के साथ शामिल हुए थे।
राम मंदिर की कानूनी लड़ाई से जुड़े रहे मदन मोहन पांडे
ट्रस्ट में शामिल तीसरे नए सदस्य मदन मोहन पांडे अयोध्या के वरिष्ठ अधिवक्ता हैं। वह लंबे समय तक राम जन्मभूमि से जुड़े कानूनी मामलों में सक्रिय रहे हैं।
राम मंदिर की कानूनी लड़ाई के दौरान उनकी भूमिका महत्वपूर्ण रही। उनकी कानूनी सेवाओं और अनुभव को देखते हुए उत्तर प्रदेश में योगी आदित्यनाथ सरकार के गठन के बाद उन्हें इलाहाबाद हाईकोर्ट में अपर महाधिवक्ता की जिम्मेदारी भी दी गई थी।
मदन मोहन पांडे लंबे समय से राम जन्मभूमि मामले से जुड़े रहे हैं और ट्रस्ट में उनकी नियुक्ति को कानूनी मामलों के अनुभव के लिहाज से अहम माना जा रहा है।
ट्रस्ट के विस्तार के साथ बढ़ी जिम्मेदारियां
राम मंदिर निर्माण के बाद अब ट्रस्ट के सामने मंदिर की व्यवस्थाओं को व्यवस्थित तरीके से संचालित करने और श्रद्धालुओं की बढ़ती संख्या के अनुरूप सुविधाओं का विस्तार करने की चुनौती है। ऐसे में नए सदस्यों का अनुभव ट्रस्ट के प्रशासनिक, धार्मिक और कानूनी कामकाज में उपयोगी माना जा रहा है।
तीनों नए सदस्यों के शामिल होने के बाद श्रीराम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट का दायरा और मजबूत हुआ है। खास तौर पर निर्मला यादव का पहली महिला ट्रस्टी के रूप में शामिल होना ट्रस्ट के विस्तार की एक अहम बात मानी जा रही है।













