
लखनऊ. कानपुर कांड का मास्टरमाइंड विकास दुबे (Vikas Dubey) एनकाउंटर में मारा गया। विकास की मौत के साथ ही कई सवाल भी खड़े हो रहे हैं। इस बीच कुख्यात आरोपी की संपत्ति और सालाना कमाई (Vikas Dubey Earnings) को लेकर भी चर्चा हो रही है। आठ पुलिसकर्मियों की हत्या के मुख्य आरोपी गैंगस्टर विकास दुबे की सालाना कमाई 10 करोड़ रुपये से भी ज्यादा थी। विदेशों में जमा काले धंधे से उसने अपने जीवन में खूब सम्पत्ति जुटाई। जमीन कब्जा वसूली, बीसी और सूदखोरी से विकास दुबे की मोटी कमाई होती थी।
विकास दुबे के नाम बड़ी-बड़ी फैक्ट्रियां भी हैं, जिनसे उसे मोटी कमाई होती थी। हर महीने कम से कम 50 लाख की कमाई करता था। प्रोटेक्शन मनी के नाम पर विकास दुबे को हर माह 50 लाख रुपये की आय होती थी। उद्योगपतियों और सूखेदारों से भी उसकी गाढ़ी कमाई का स्त्रोत निकलता था। इसके अलावा किसी से कॉन्ट्रेक्ट पर काम मिलने पर कमाई दोगुना और तीन गुना तक हो जाती थी। किसी से जमीन खाली करवानी हो या जमीन पर कब्जा करवाना हो, हर एक काम के लिए उसके रेट फिक्स थे।
विकास के पास थी 150 बीघा जमीन
विकास दुबे के पास सम्पत्तियों में लखनऊ में दो मकान और लगभग 150 बीघा जमीन थी। कुछ साल पहले उसने नवाबगंज में उसने एक फ्लैट को लाखों रुपयों में बेचा था। साथ ही छपेड़ा पुलिया के पास एक प्लॉट पर कब्जा कर लिया था। कानपुर में भी उसके पास सम्पत्ति थी। इसके अलावा दूसरे लोग विकास से ब्याज पर पैसा लेकर बीसी खिलवाते थे और उसी के पैसे को आगे ज्यादा ब्याज पर दे देते थे। इसके भी इसको करोड़ों रुपयों की कमाई हो जाती थी।











