
भास्कर समाचार सेवा
मेरठ।सरधना। ऐतिहासिक चर्च में कृपाओं की माता के वार्षिक महोत्सव के दौरान रविवार की शाम तक विशेष प्रार्थनाओं का दौर चला, जिसमे हजारों श्रद्धालुओं ने भाग लेकर अपनी मन्नते मांगी और कृपाओं की माता का धन्यवाद करते हुए दुआ की।
फादर जॉन मिल्टन ने कहा, माता मरियम हमारे लिए सदगुण एवं विश्वास की आदर्श हैं। उन्होंने हमसे पहले जीवन एवं विश्वास की तीर्थयात्रा पूरी की है। माता से प्रार्थना करें कि वे हमारी रक्षा करें। फादर पाकिया नॉथन व फादर ससिन बाबू ने श्रद्धालुओं को कृपाओं की माता के संदेश सुनाए। इस दौरान फादर्स ने संयुक्त रूप से प्रार्थना कराई। उसके बाद मिस्सा बलिदान कर विश्व शांति की दुआ मांगी गयी। चर्च में भारी संख्या में श्रद्धालुओं की भीड़ रही।

विशेष प्रार्थनाओं के लिए चर्च में की गई थी भव्य सजावट
विशेष प्रार्थनाओं के लिए इस बार चर्च में भव्य सजावट की गई थी। चर्च परिसर में करीब 40 हजार वर्ग फीट का पंडाल तैयार कराया गया था। रंग बिरंगी लाइटों से चर्च को सजाया गया था। चर्च के बाहर मेला परिसर में दुकानें और झूले लगे थे, जहाँ बच्चो और बड़ों ने जमकर अपनी जरुरत के सामान की खरीदारी की।
2 साल से चर्च में नहीं हो रहा था महोत्सव
कोरोना संक्रमण के कारण लगातार दो वर्षो तक चर्च पर महोत्सव का आयोजन नहीं हो पाया था। इस कारण इस बार महोत्सव में बड़ी संख्या में श्रद्धालु पहुंचने का अनुमान था लेकिन, श्रद्धलुओं की संख्या उम्मीद से कहीं ज्यादा कम रही। हालांकि, पुलिस प्रशासन व नगर पालिका में पुख्ता बंदोबस्त किए हुए थे। नगर में प्रवेश करने वाले सभी रास्तों पर साफ-सफाई के साथ पुलिस फोर्स तैनात रहा।
शनिवार सुबह से ही चर्च में आने लगे थे श्रद्धालु
शनिवार की सुबह से ही श्रद्धालुओं का आवागमन शुरू हो गया था, जो रविवार की दोपहर तक चला। कई राज्यों से आए श्रद्धालु प्रार्थना में शामिल हुए। जिसके लिए चर्च परिसर में एक विशाल पंडाल बनाने के अलावा भी कई पंडाल बनाए गए थे । संत चार्ल्स कॉलेज परिसर, सेमिनरी, कृपाओं की माता अस्पताल आदि में भी श्रद्धालुओं के रुकने की व्यवस्था की गई थी। मुख्य पंडाल के अंदर बैरिकेटिंग की गई थी।
सुरक्षा व्यवस्था रही मजबूत
उपजिलाधिकारी सत्यप्रकाश, सीओ सरधना आरपी शाही व थाना प्रभारी जितेंद्र कुमार सिंह ने मेला भ्रमण करते हुए अधीनस्तों को आवश्यक दिशा-निर्देश देते हुए सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत रखते हुए कार्यक्रम सफल तरीके सम्पन्न कराया ।













