वॉशिंगटन/तेहरान: ईरान के पूर्व सर्वोच्च नेता अयातुल्ला अली खामेनेई के अंतिम संस्कार के दौरान जो कुछ हुआ, उसने दुनिया भर में हड़कंप मचा दिया है। ईरान में शोक सभा के दौरान हजारों लोगों ने अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप और इजरायल के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू की हत्या की मांग करते हुए बैनर और पोस्टर लहराए। इस घटना के बाद राष्ट्रपति ट्रंप ने ईरान को बेहद सख्त और खुली चेतावनी जारी करते हुए सैन्य कार्रवाई की चेतावनी दी है।
खामेनेई के अंतिम संस्कार में उठी हत्या की मांग
ईरान के पूर्व सर्वोच्च नेता अयातुल्ला अली खामेनेई की मौत 28 फरवरी 2026 को इजरायल और अमेरिका के एक संयुक्त हवाई हमले में हुई थी। उनके पार्थिव शरीर को ईरान और इराक के कई शहरों में अंतिम दर्शन के लिए ले जाया गया। इस दौरान अंतिम संस्कार समारोह के बीच शोक मनाने वालों ने हिंसक प्रदर्शन किया। भीड़ के हाथों में ऐसे पोस्टर देखे गए जिनमें ट्रंप और नेतन्याहू के खिलाफ सीधे तौर पर जान से मारने की धमकियां लिखी थीं। अब उनके बेटे अयातुल्ला मोजतबा खामेनेई ने नए सुप्रीम लीडर के रूप में कमान संभाल ली है।
ट्रंप का कड़ा प्रहार: “हजारों मिसाइलों से होगा जवाब”
ईरान द्वारा दी गई धमकियों पर राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने अपने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म के जरिए गरजते हुए कहा कि अगर ईरानी सरकार ने उनकी हत्या की धमकी पर अमल करने की जरा भी कोशिश की, तो अमेरिका चुप नहीं बैठेगा। ट्रंप ने साफ शब्दों में चेतावनी दी कि यदि उन्हें नुकसान पहुँचाने का कोई प्रयास हुआ, तो अमेरिका ईरान पर हजारों मिसाइलें दागेगा और पूरे इलाके को मलबे में तब्दील कर देगा। उन्होंने स्पष्ट किया कि यह चेतावनी उन्हें जान से मारने की साजिश के जवाब में दी गई है।
नाजुक दौर में मध्य पूर्व का भविष्य
यह स्थिति ऐसे समय में पैदा हुई है जब मध्य पूर्व पहले से ही एक बेहद नाजुक युद्धविराम के दौर से गुजर रहा है। अमेरिका और ईरान के बीच हाल ही में हुए संघर्ष के बाद हालात बेहद विस्फोटक बने हुए हैं। ईरान का होर्मुज जलडमरूमध्य पर नियंत्रण बना हुआ है, जो दुनिया के पांचवें हिस्से के तेल और प्राकृतिक गैस की आपूर्ति के लिए एकमात्र रास्ता है। पिछले कुछ दिनों में ईरान द्वारा जहाजों पर हमले और अमेरिका की जवाबी कार्रवाई ने तनाव को और गहरा कर दिया है। इस तनाव की आंच बहरैन, जॉर्डन, कुवैत और कतर तक भी पहुँच चुकी है, जहाँ ईरान ने हाल ही में हमले किए हैं। आने वाले दिनों में यह तनाव किस दिशा में मुड़ेगा, इस पर पूरी दुनिया की नजरें टिकी हैं।















