नोएडा। दिल्ली से सटे नोएडा में वेतन वृद्धि की मांग को लेकर शुरू हुआ मजदूरों का आंदोलन मंगलवार को भी ‘ज्वालामुखी’ की तरह धधकता रहा। सोमवार के तांडव के बाद उम्मीद थी कि स्थिति शांत होगी, लेकिन मंगलवार को हिंसा की लपटें नए इलाकों तक फैल गईं। सेक्टर 80 से लेकर सेक्टर 121 तक पत्थरबाजी और आगजनी की घटनाओं ने शहर की रफ्तार थाम दी। पुलिस की भारी घेराबंदी के बावजूद प्रदर्शनकारियों का गुस्सा कम होने का नाम नहीं ले रहा है।
सेक्टर 80 में पुलिस पर पथराव, रणक्षेत्र बना इलाका
मंगलवार सुबह सेक्टर 80 में उस वक्त हालात बेकाबू हो गए जब प्रदर्शन कर रहे मजदूरों ने पुलिस बल पर सीधा हमला बोल दिया। भीड़ की तरफ से अचानक हुई भारी पत्थरबाजी में कई पुलिसकर्मी जख्मी हो गए। जवाब में पुलिस ने लाठीचार्ज किया और आंसू गैस के गोले छोड़कर उपद्रवियों को खदेड़ा। सेक्टर 70 और 121 की सड़कों पर भी ईंट-पत्थर बिखरे नजर आए, जिससे आम राहगीरों में दहशत का माहौल बना रहा।
हाउसिंग सोसाइटियों में भी ‘विद्रोह’, काम छोड़ सड़क पर उतरीं नौकरानियां
इस आंदोलन में अब एक नया मोड़ आ गया है। सेक्टर 121 स्थित प्रतिष्ठित ‘क्लियो काउंटी’ हाउसिंग सोसाइटी सहित कई अन्य सोसाइटियों की घरेलू सहायिकाएं (House Helps) भी मंगलवार को प्रदर्शन में शामिल हो गईं। उन्होंने काम का बहिष्कार करते हुए महंगाई के अनुपात में वेतन बढ़ाने और साप्ताहिक अवकाश की मांग उठाई। नौकरानियों के इस प्रदर्शन से शहर की वीआईपी सोसाइटियों में घरेलू कामकाज पूरी तरह ठप हो गया, जिससे निवासियों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ा।
आगजनी के निशान और मलबे में तब्दील सड़कों का मंजर
नोएडा के फेज-2 और सेक्टर 63 में मंगलवार को भी तनाव चरम पर रहा। यहां सड़कों के किनारे जली हुई कारें और फैक्ट्रियों के टूटे हुए शीशे सोमवार की रात हुए तांडव की गवाही दे रहे हैं। प्रदर्शनकारियों ने कई जगहों पर टायर जलाकर सड़कों को ब्लॉक कर दिया। औद्योगिक इकाइयों के गेट पर मजदूरों का जमावड़ा लगा रहा, जिनकी मांग है कि जब तक वेतन वृद्धि और ओवरटाइम का लिखित आश्वासन नहीं मिलता, वे काम पर नहीं लौटेंगे।
350 गिरफ्तार, सीसीटीवी से उपद्रवियों की पहचान जारी
नोएडा पुलिस ने हिंसा पर कड़ा रुख अपनाते हुए अब तक 350 से ज्यादा लोगों को गिरफ्तार किया है। पुलिस का दावा है कि मजदूरों के इस न्यायपूर्ण प्रदर्शन में कुछ ‘बाहरी तत्वों’ ने घुसपैठ कर हिंसा भड़काई है।
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सख्त कार्रवाई: 100 से ज्यादा संदिग्धों को हिरासत में लेकर पूछताछ की जा रही है।
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डिजिटल सबूत: पुलिस शहर भर के सीसीटीवी फुटेज और ड्रोन कैमरों की मदद से पत्थरबाजों की पहचान कर रही है।
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धारा 144: कई संवेदनशील इलाकों में सुरक्षा बढ़ा दी गई है और भारी पुलिस बल की तैनाती के साथ स्थिति को नियंत्रण में बताया जा रहा है।














