नोएडा। उत्तर प्रदेश के हाईटेक शहर नोएडा में पिछले दिनों हुए मजदूरों के हिंसक प्रदर्शन और आगजनी के मामले में नोएडा पुलिस को एक बड़ी कामयाबी मिली है। शहर के विभिन्न सेक्टरों में मची तबाही और पुलिस के साथ हुई हिंसक झड़प के मामले में प्रशासन ने अब कार्रवाई की गति तेज कर दी है। थाना फेस-2 पुलिस ने इस मामले के दो मुख्य आरोपियों को दबोच लिया है, जिन पर भीड़ को भड़काने और तोड़फोड़ की साजिश रचने का गंभीर आरोप है।
इलेक्ट्रॉनिक सर्विलांस से दबोचे गए आरोपी
नोएडा पुलिस ने हिंसा के बाद से ही उपद्रवियों और साजिशकर्ताओं की पहचान के लिए कई टीमें गठित की थीं। तकनीकी सहायता और इलेक्ट्रॉनिक सर्विलांस के जरिए पुलिस ने दो सक्रिय सदस्यों को ट्रैक किया। पकड़े गए आरोपियों की पहचान हिमांशु ठाकुर (निवासी: उधम सिंह नगर, उत्तराखंड) और सत्यम वर्मा (निवासी: लखनऊ) के रूप में हुई है। पुलिस के मुताबिक, हिमांशु वर्तमान में दिल्ली में रहकर अपनी गतिविधियों को अंजाम दे रहा था।
‘बिगुल मजदूर दस्ता’ से जुड़े हैं तार
पुलिस पूछताछ में चौंकाने वाले खुलासे हुए हैं। गिरफ्तार दोनों आरोपी ‘बिगुल मजदूर दस्ता’ नामक संगठन के सक्रिय सदस्य पाए गए हैं। जांच में सामने आया है कि हिमांशु ठाकुर हिंसा वाले दिन नोएडा में ही मौजूद था और वह पूरे घटनाक्रम के कथित मास्टरमाइंड आदित्य आनंद के सीधे संपर्क में था। पुलिस अब यह पता लगाने की कोशिश कर रही है कि इस संगठन का नेटवर्क कितना बड़ा है और इसके पीछे किन बाहरी ताकतों का हाथ है।
क्या था पूरा मामला?
बता दें कि कुछ दिन पहले नोएडा के औद्योगिक क्षेत्रों में मजदूरों ने अपनी मांगों को लेकर अचानक उग्र प्रदर्शन शुरू कर दिया था। इस दौरान प्रदर्शनकारियों ने निजी संपत्तियों को नुकसान पहुंचाया, कई वाहनों को आग के हवाले कर दिया और बीच-बचाव करने आई पुलिस टीम पर भी पथराव किया। इस घटना ने पूरे शहर में दहशत का माहौल पैदा कर दिया था, जिसके बाद पूरे नोएडा में भारी पुलिस बल तैनात करना पड़ा था।
मास्टरमाइंड आदित्य आनंद की तलाश जारी
नोएडा पुलिस के अधिकारियों का कहना है कि हिमांशु और सत्यम की गिरफ्तारी तो महज शुरुआत है। इस पूरे उपद्रव की पटकथा लिखने वाले मुख्य साजिशकर्ता आदित्य आनंद की गिरफ्तारी के लिए पुलिस की टीमें लगातार छापेमारी कर रही हैं। पुलिस का मानना है कि पकड़े गए आरोपियों से पूछताछ के बाद इस नेटवर्क से जुड़े अन्य चेहरों का भी जल्द पर्दाफाश होगा। प्रशासन ने साफ चेतावनी दी है कि शहर की शांति भंग करने वाले किसी भी शख्स को बख्शा नहीं जाएगा।














