
पटना। बिहार लोक सेवा आयोग (BPSC) के परीक्षा नियंत्रक राजेश कुमार सिंह का एक वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल होने के बाद मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने मामले का संज्ञान लिया है। विवादित बयान सामने आने के कुछ ही घंटों के भीतर मुख्यमंत्री ने अधिकारी के खिलाफ कार्रवाई के निर्देश दिए हैं। मुख्यमंत्री ने सामान्य प्रशासन विभाग को परीक्षा नियंत्रक राजेश कुमार सिंह को निलंबित करने का निर्देश दिया है।
बताया जा रहा है कि BPSC परीक्षा नियंत्रक का एक बयान सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हुआ था। मामला मुख्यमंत्री के संज्ञान में आने के बाद उन्होंने संबंधित अधिकारी से बात की और उनके खिलाफ निलंबन की कार्रवाई करने के निर्देश दिए।
परीक्षा नियंत्रक पहले ही जता चुके हैं खेद
विवाद बढ़ने के बाद परीक्षा नियंत्रक राजेश कुमार सिंह ने अपने बयान पर खेद भी प्रकट किया था। उन्होंने सफाई देते हुए कहा था कि उन्होंने केवल एक लोकोक्ति का इस्तेमाल किया था। इसके बावजूद अगर उनके बयान से किसी की भावनाएं आहत हुई हैं तो उन्होंने इसके लिए खेद जताया।
हालांकि, उनके खेद जताने के बावजूद मामले में मुख्यमंत्री ने कड़ा रुख अपनाया और सामान्य प्रशासन विभाग को निलंबन की कार्रवाई करने का निर्देश दे दिया। मुख्यमंत्री के इस कदम को अधिकारियों के बयानों और आचरण को लेकर सख्त संदेश के तौर पर देखा जा रहा है।
इस मामले को लेकर विपक्ष की ओर से भी प्रतिक्रिया सामने आई थी। तेजस्वी यादव समेत प्रशांत किशोर की पार्टी जन सुराज की ओर से परीक्षा नियंत्रक राजेश कुमार सिंह से माफी मांगने की मांग की गई थी। सोशल मीडिया पर विवाद बढ़ने के बाद मुख्यमंत्री ने मामले में तत्काल कार्रवाई के निर्देश दिए।
परीक्षा नियंत्रक ने प्रेस कॉन्फ्रेंस में क्या कहा था?
दरअसल, BPSC के परीक्षा नियंत्रक राजेश कुमार सिंह ने सोमवार को प्रेस कॉन्फ्रेंस की थी। इसी दौरान उन्होंने कहा था- “हाथी चले बाजार, कुत्ता भौंके हजार.”
उनका यह बयान सामने आने के बाद इसका वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो गया। बयान को लेकर विवाद बढ़ा और मामला मुख्यमंत्री तक पहुंच गया। इसके बाद मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने परीक्षा नियंत्रक को निलंबित करने के निर्देश जारी कर दिए।













