
भास्कर समाचार सेवा साहिबाबाद। थाना टीला मोड पुलिस की कार्यशैली से नाराज एक युवक ने पंखे से लटक कर फांसी लगा ली। मौके पर पहुंची युवक की बहन ने भाई को किसी तरह से बचा लिया और अब वह अस्पताल में जिंदगी और मौत के बीच संघर्ष कर रहा है।
युवक नीरज पुत्र श्याम सिंह यादव ने मरने से पहले इंस्टाग्राम पर एक वीडियो बनाया था जिसमें उसने आत्महत्या करने की पूरी कहानी बताई है और यह वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल है। वीडियो में नीरज ने बताया है कि कृष्णा विहार कुटी निवासी एक युवती से उसका प्रेम प्रसंग चल रहा था। युवती के कहने पर नीरज एक दिन उसके घर युवती का हाथ मांगने पहुंचा। आरोप है कि उस समय लड़की के पिता ने उसको मारा-पीटा और सर फोड़ दिया। पुलिस ने युवक ने घटना की शिकायत की लेकिन पुलिस मैं उसकी एक नहीं सुनी तथा उल्टा उसे ही जेल भेज दिया गया।नीरज के ऊपर एससी एसटी एक्ट के अलावा छेड़छाड़ का मुकदमा दर्ज हो गया। दो महीने जेल काटने के बाद जब वह घर पहुंचा और लड़की के भाई से जब उसने आपबीती बताई तो आरोप है कि उसने भी उसे धोखा दिया। तदुपरांत नीरज के खिलाफ एक और जान से मारने की धमकी का मुकदमा दर्ज हो गया। इसी दौरान घरवालों के समझाने बुझाने पर लड़की भी घरवालों की भाषा बोलने लगी और उसने नीरज से दूरियां बढ़ा ली। आरोप है कि लड़की उसके घरवालों द्वारा उसकी हत्या करने की धमकी के कारण डर गई और उसने नीरज से दूरियां बना ली।
अभी दो दिन पहले थाना टीला मोड़ की पुलिस उस पर गुंडा एक्ट का एक नोटिस तामील कराने गई थी तो वह डिप्रेशन में आ गया। प्यार को खो देने और पुलिस की भावनात्मक कार्रवाई के डर से युवक ने बुधवार को अपने घर में पंखे से फांसी का फंदा बांधकर लटक गया। गनीमत रही कि अचानक उसकी बहन ने अपने भाई को फंदे पर झूलता हुआ पाया तो उसने उसको पैरों से पकड़ कर ऊपर उठा लिया और उसकी जान बचाने के लिए आसपास के लोगों को मदद के लिए बुलाया। फिलहाल नीरज अस्पताल में जिंदगी के लिए मौत से जूझ रहा है।
थाना प्रभारी टीला मोड़ का कहना है कि ऐसी कोई घटना नहीं हुई है पुलिस ने उसके खिलाफ कोई जादती की हो। पूर्व में इस युवक पर दो मुकदमे दर्ज हैं । इसके बाद पुलिस की तरफ से गुंडा एक्ट की कार्रवाई के लिए नोटिस दिया गया था। जिसमें उसे अपना पक्ष रखना था। युवक ने गुमराह होकर आत्महत्या का प्रयास किया है।












