
- लगातार बारिश के कारण कमजोर हुआ दो मंजिला कच्चा मकान रविवार सुबह अचानक भरभराकर ढह गया, मलबे में दबने से पिता और उसकी तीन बेटियों की मौत।
- ग्रामीणों ने हाथों से मलबा हटाकर शुरू किया बचाव कार्य, गंभीर घायल बेटी को पतारा सीएचसी से कानपुर के हैलट अस्पताल रेफर किया गया।
Sarsaul/Saadh, Kanpur : रविवार सुबह हुई बारिश के बीच हिरनी गांव में एक परिवार पर ऐसी आफत टूटी, जिसने पूरे गांव को सदमे में डाल दिया। कुछ देर पहले तक जिस कच्चे मकान में एक पिता अपनी बेटियों के साथ रह रहा था, अचानक वही मकान भरभराकर मलबे में तब्दील हो गया। मकान गिरने की तेज आवाज सुनकर ग्रामीण मौके की ओर दौड़े। जब तक मलबा हटाया गया, तब तक पिता और उसकी तीन बेटियों की मौत हो चुकी थी। हादसे में एक बेटी गंभीर रूप से घायल मिली, जिसे प्राथमिक उपचार के बाद कानपुर रेफर कर दिया गया।
अचानक भरभराकर ढह गया दो मंजिला कच्चा मकान
हादसा रविवार सुबह थाना साढ़ क्षेत्र के हिरनी गांव में हुआ। बताया जा रहा है कि पिछले कई दिनों से हो रही बारिश के कारण दो मंजिला कच्चे मकान की दीवारों और छत में नमी बढ़ गई थी। इससे मकान काफी कमजोर हो गया था। रविवार सुबह अचानक मकान भरभराकर गिर पड़ा और परिवार के सदस्य मलबे में दब गए।
मकान गिरने की तेज आवाज सुनते ही आसपास के ग्रामीण घटनास्थल पर पहुंच गए। मलबे में परिवार के लोगों के दबे होने की जानकारी मिलते ही ग्रामीणों ने बिना देर किए बचाव कार्य शुरू कर दिया।
ग्रामीणों ने हाथों से हटाया मलबा
ग्रामीणों ने स्थानीय साधनों और अपने हाथों से मलबा हटाना शुरू किया। काफी मशक्कत के बाद मलबे में दबे लोगों को बाहर निकालने का प्रयास किया गया। इसी बीच पुलिस और प्रशासन को हादसे की सूचना दी गई।
सूचना मिलते ही पुलिस टीम और प्रशासनिक अधिकारी मौके पर पहुंचे। इसके बाद राहत एवं बचाव कार्य में तेजी लाई गई। ग्रामीणों के साथ पुलिस और प्रशासन की टीम ने भी मलबा हटाने का काम किया।

पिता समेत तीन बेटियों की मौत
हादसे में 45 वर्षीय मुकेश सिंह और उनकी तीन बेटियों माया (16), नीतू (12) और पल्लवी (7) की मलबे में दबने से मौत हो गई। एक ही परिवार के चार लोगों की मौत की खबर मिलते ही घर में चीख-पुकार मच गई।
पिता और तीन बेटियों की एक साथ मौत से गांव में भी मातम पसर गया। हादसे की जानकारी मिलने के बाद बड़ी संख्या में ग्रामीण मौके पर पहुंच गए और परिवार को ढांढस बंधाया।
गंभीर घायल बेटी को हैलट किया गया रेफर
मुकेश सिंह की 19 वर्षीय बेटी काजल भी मकान के मलबे में दब गई थी। ग्रामीणों ने काफी मशक्कत के बाद उसे गंभीर हालत में बाहर निकाला। इसके बाद उसे तत्काल इलाज के लिए पतारा सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (सीएचसी) ले जाया गया।
सीएचसी में प्राथमिक उपचार के बाद उसकी हालत गंभीर देखते हुए डॉक्टरों ने काजल को बेहतर इलाज के लिए कानपुर के हैलट अस्पताल (एलएलआर) रेफर कर दिया।
लगातार बारिश से कमजोर हुआ था मकान
ग्रामीणों के मुताबिक, इलाके में पिछले कई दिनों से रुक-रुककर बारिश हो रही थी। लगातार बारिश के कारण कच्चे मकान की दीवारों और छत में नमी बढ़ गई थी। इससे मकान की मजबूती कम हो गई और रविवार सुबह अचानक वह ढह गया।
हादसे के बाद प्रशासनिक अधिकारियों ने घटनास्थल का जायजा लिया। राहत एवं बचाव कार्य के साथ ही हादसे के कारणों की जानकारी जुटाई जा रही है। एक ही परिवार के चार सदस्यों की मौत से हिरनी गांव में शोक की लहर है।















