जबलपुर/भोपाल। मध्य प्रदेश के बहुचर्चित ट्विशा शर्मा मौत मामले में शुक्रवार, 22 मई 2026 को जबलपुर हाईकोर्ट और जिला अदालत परिसर में सुबह से लेकर शाम तक भारी हाई-वोल्टेज ड्रामा देखने को मिला। घटना के बाद से लगातार फरार चल रहे मुख्य आरोपी और ट्विशा के पति समर्थ सिंह आखिरकार अदालत पहुंचे, लेकिन उनकी सरेंडर करने की चालाकी धरी की धरी रह गई। भेष बदलकर कोर्ट पहुंचे आरोपी को पुलिस ने मुस्तैदी दिखाते हुए परिसर के बाहर ही हिरासत में ले लिया। इस दौरान कोर्ट परिसर में वकीलों और मृतका के परिजनों के बीच भारी हंगामा और गहमागहमी का माहौल बना रहा।
शादी के महज 5 महीने बाद संदिग्ध मौत, रिटर्ड जज सास और पति पर गंभीर आरोप
मूल रूप से नोएडा की रहने वाली ट्विशा शर्मा की बीती 12 मई को भोपाल के पॉश इलाके कटारा हिल्स स्थित उनके ससुराल में संदिग्ध परिस्थितियों में लाश मिली थी। इस हाई-प्रोफाइल शादी को अभी सिर्फ पांच महीने ही बीते थे। ट्विशा के मायके वालों का सीधा आरोप है कि उनकी बेटी को पति समर्थ सिंह और सास गिरीबाला सिंह (जो कि एक रिटायर्ड जज हैं) द्वारा लगातार दहेज के लिए प्रताड़ित और मानसिक रूप से प्रताड़ित किया जा रहा था, जिससे तंग आकर उन्होंने आत्मघाती कदम उठा लिया। भोपाल पुलिस ने आरोपी पति समर्थ सिंह पर क्रूरता और आत्महत्या के लिए उकसाने समेत कई संगीन धाराओं में मामला दर्ज किया था और उनकी गिरफ्तारी पर 30 हजार रुपये का इनाम भी घोषित था।
सिर पर कैप, आंखों पर चश्मा और मुंह पर मास्क… भेष बदलकर सरेंडर करने पहुंचा था इनामी आरोपी
गिरफ्तारी से बचने के लिए समर्थ सिंह ने पहले मध्य प्रदेश हाईकोर्ट की जबलपुर बेंच में अग्रिम जमानत की अर्जी लगाई थी, क्योंकि भोपाल जिला अदालत से उनकी अग्रिम जमानत याचिका पहले ही खारिज हो चुकी थी। जब राहत नहीं मिली, तो शुक्रवार शाम को समर्थ सिंह पुलिस को चकमा देने के लिए सिर पर कैप, आंखों पर सनग्लासेज, गले में गमछा और चेहरे पर मास्क लगाकर जबलपुर जिला अदालत परिसर में सरेंडर करने के इरादे से घुसे।
कोर्ट रूम का घटनाक्रम: आरोपी के कोर्ट परिसर में होने की भनक लगते ही वहां मौजूद ट्विशा के परिजनों और वकीलों ने हंगामा शुरू कर दिया। मामले की गंभीरता को देखते हुए अदालत ने समर्थ सिंह को जबलपुर के बजाय सीधे भोपाल की संबंधित अदालत में सरेंडर करने का कड़ा निर्देश दिया। जैसे ही आरोपी पैरवी के बाद कोर्ट रूम से बाहर निकला, बाहर मुस्तैद जबलपुर पुलिस ने उसे अपनी कस्टडी में ले लिया और बाद में भोपाल पुलिस की स्पेशल टीम को सौंप दिया।
दिल्ली AIIMS में होगा दोबारा पोस्टमॉर्टम, परिजनों ने की CBI जांच की मांग
भोपाल पुलिस की हिरासत में आने के बाद अब समर्थ सिंह से इस पूरे मामले को लेकर सघन पूछताछ की जा रही है। वहीं, मामले की गंभीरता को देखते हुए और ट्विशा के परिवार की विशेष मांग पर मृतका का दूसरा पोस्टमॉर्टम (Re-Postmortem) दिल्ली एम्स (AIIMS) के विशेषज्ञ डॉक्टरों की टीम से कराया जाएगा, ताकि मौत की असली वजह साफ हो सके। मृतका का परिवार लगातार इस पूरे मामले की जांच केंद्रीय अन्वेषण ब्यूरो (CBI) से कराने की मांग पर अड़ा हुआ है। इस संवेदनशील मामले ने एक बार फिर देश के रसूखदार परिवारों में दहेज उत्पीड़न और घरेलू हिंसा के काले सच पर एक नई बहस छेड़ दी है।
हत्या या आत्महत्या? पुलिस की कस्टडी से खुलेगा मौत का गहरा राज
आरोपी पति समर्थ सिंह की गिरफ्तारी के बाद अब पुलिस को उम्मीद है कि इस रहस्यमयी मौत की गुत्थी जल्द ही सुलझ जाएगी। पुलिस की टेक्निकल और फोरेंसिक टीमें कटारा हिल्स वाले घर के साक्ष्यों को दोबारा खंगाल रही हैं। हालांकि, असल सच्चाई सामने आने में अभी थोड़ा वक्त लग सकता है। क्या यह वाकई सिर्फ प्रताड़ना से तंग आकर की गई आत्महत्या थी या इसके पीछे कोई गहरी साजिश छिपी है? क्या जज परिवार का रसूख जांच को प्रभावित कर पाएगा? इन सभी सुलगते सवालों के जवाब अब भोपाल पुलिस की आगे की तफ्तीश, एम्स की पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट और अदालती कार्यवाही के बाद ही साफ हो पाएंगे।










