वाशिंगटन: ईरान के साथ बढ़ते तनाव और युद्ध की आहट के बीच अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने वैश्विक अर्थव्यवस्था और तेल की कीमतों को लेकर एक बड़ा बयान दिया है। व्हाइट हाउस में कैबिनेट बैठक के दौरान ट्रंप ने स्पष्ट किया कि स्थिति उतनी भयावह नहीं है, जितनी आशंका जताई जा रही थी। उन्होंने शेयर बाजार की स्थिरता और तेल की कीमतों पर संतोष जताते हुए इसे प्रशासन पर जनता के भरोसे का परिणाम बताया।
बाजार की गिरावट पर ट्रंप का बेबाक अंदाज
कैबिनेट बैठक को संबोधित करते हुए राष्ट्रपति ट्रंप ने कहा, “सच कहूं तो मुझे लगा था कि तेल की कीमतें और ज्यादा बढ़ेंगी और शेयर बाजार में बड़ी गिरावट देखने को मिलेगी। लेकिन, स्थिति उतनी गंभीर नहीं हुई जितनी मैंने सोची थी।” ट्रंप ने मुस्कुराते हुए आगे कहा कि शायद लोगों को अमेरिकी राष्ट्रपति और उनकी मेज के चारों ओर बैठे काबिल लोगों पर पूरा भरोसा है, यही वजह है कि बाजार अभी भी संभला हुआ है।
महंगी होती गैस और चुनावी चुनौती
भले ही राष्ट्रपति स्थिति को नियंत्रण में बता रहे हों, लेकिन जमीन पर आंकड़े कुछ और ही कहानी बया कर रहे हैं। AAA के डेटा के मुताबिक, एक गैलन रेगुलर गैस की औसत कीमत $3.981 तक पहुंच गई है, जो $4 के मनोवैज्ञानिक स्तर के बेहद करीब है। एक महीने पहले की तुलना में यह सीधे $1 की बढ़ोत्तरी है। नवंबर में होने वाले मध्यावधि चुनावों से ठीक पहले गैस की ये कीमतें रिपब्लिकन पार्टी के लिए सिरदर्द बन सकती हैं। हालांकि, ट्रंप ने भरोसा जताया है कि कीमतें “शायद थोड़ी और बढ़ें,” लेकिन जल्द ही सब कुछ पुराने स्तर पर या उससे भी नीचे आ जाएगा।
होर्मुज जलडमरूमध्य और शुक्रवार की डेडलाइन
ईरान के संदर्भ में होर्मुज जलडमरूमध्य (Strait of Hormuz) को फिर से खोलने के लिए तय की गई शुक्रवार की डेडलाइन पर भी ट्रंप ने अपनी चुप्पी तोड़ी है। जब उनसे पूछा गया कि क्या वह इस डेडलाइन का कड़ाई से पालन करवाएंगे, तो उन्होंने कहा, “मुझे अभी पक्का नहीं पता। मिस्टर विटकॉफ, जेडी वेंस और जेरेड कुशनर मुझे ब्रीफ करेंगे कि बातचीत किस दिशा में जा रही है। अगर कूटनीतिक रास्ते सही नहीं रहे, तो शायद हम डेडलाइन को लेकर सख्त न हों।”
कुशनर और जेडी वेंस की टीम पर टिकी नजरें
गौरतलब है कि यह डेडलाइन असल में पिछले सोमवार को ही खत्म हो रही थी, लेकिन कूटनीतिक प्रयासों को समय देने के लिए ट्रंप ने इसे शुक्रवार तक बढ़ाया था। अब पूरी दुनिया की नजरें उपराष्ट्रपति जेडी वेंस, विशेष दूत स्टीव विटकॉफ और ट्रंप के दामाद जेरेड कुशनर की रिपोर्ट पर टिकी हैं। राष्ट्रपति ने संकेत दिए हैं कि बातचीत के लिए अभी पर्याप्त समय है और वे कोई भी कदम जल्दबाजी में नहीं उठाना चाहते।













