कोलकाता: पश्चिम बंगाल की सत्ता का फाइनल रिजल्ट आज आने वाला है। राज्य की 294 में से 293 सीटों पर सुबह 8 बजे से वोटों की गिनती शुरू हो गई है। लेकिन मतगणना की शुरुआत होते ही सबसे हॉट सीट भवानीपुर में हाई-वोल्टेज ड्रामा शुरू हो गया। सखावत मेमोरियल स्कूल स्थित काउंटिंग सेंटर के बाहर टीएमसी (TMC) और बीजेपी (BJP) के एजेंट आपस में भिड़ गए। दोनों पक्षों के बीच हुई इस तीखी बहस और हंगामे ने काउंटिंग शुरू होने से पहले ही सियासी पारे को सातवें आसमान पर पहुँचा दिया है।
ID कार्ड को लेकर छिड़ा विवाद: बीजेपी ने लगाया टीएमसी पर आरोप
भवानीपुर के काउंटिंग सेंटर पर हुई झड़प के बाद बीजेपी के काउंटिंग एजेंटों ने गंभीर आरोप लगाए हैं। बीजेपी कार्यकर्ताओं का कहना है कि टीएमसी के एजेंट बिना वैध पहचान पत्र (ID Card) के अंदर जाने की कोशिश कर रहे हैं। बीजेपी एजेंट ने मीडिया से बात करते हुए कहा, “हम अपने उचित आईडी कार्ड पहनकर आए हैं, लेकिन वे (TMC) बिना कार्ड के हंगामा कर रहे हैं। यह उनकी हताशा है क्योंकि बंगाल और भवानीपुर दोनों जगह बीजेपी भारी बहुमत से जीत रही है।” सुरक्षा बलों को स्थिति पर काबू पाने के लिए काफी मशक्कत करनी पड़ी।
भवानीपुर: ‘दीदी’ बनाम ‘अधिकारी’ की महाजंग
#WATCH | Kolkata, West Bengal: A BJP counting agent says, "They are not carrying their ID cards. We are wearing our ID cards. They are creating a ruckus unnecessarily. BJP is winning with a majority in West Bengal and even in Bhabanipur…" https://t.co/ySn1AgSLhy pic.twitter.com/3ccmE5vt9M
— ANI (@ANI) May 4, 2026
इस चुनाव की सबसे चर्चित सीट भवानीपुर ही है, जहाँ खुद मुख्यमंत्री ममता बनर्जी मैदान में हैं। उनके खिलाफ कभी उनके खास रहे और अब बीजेपी के दिग्गज नेता शुभेंदु अधिकारी मोर्चा संभाले हुए हैं। 2021 में नंदीग्राम की हार के बाद ममता ने भवानीपुर उपचुनाव जीतकर अपनी कुर्सी बचाई थी। लेकिन इस बार बीजेपी ने यहाँ गैर-बंगाली मतदाताओं और शहरी समीकरणों के जरिए ममता के इस ‘किले’ में सेंध लगाने की पूरी कोशिश की है।
मतदाता सूची से कटे थे 47 हजार नाम, संशय बरकरार
भवानीपुर सीट इस बार एक और वजह से चर्चा में रही है। भारत निर्वाचन आयोग (ECI) द्वारा की गई ‘विशेष गहन पुनरीक्षण’ (SIR) प्रक्रिया के तहत यहाँ की मतदाता सूची से 47,094 नाम हटा दिए गए थे। विपक्षी दलों और स्थानीय समीकरणों के लिहाज से नामों का यह कटना काफी अहम माना जा रहा है। आज के नतीजे यह भी साफ करेंगे कि मतदाता सूची में हुए इस बदलाव का असर किस पार्टी के पक्ष में गया है।
सत्ता की चाबी किसके पास? कुछ ही घंटों में फैसला
बंगाल की 293 सीटों (एक सीट फालता पर 21 मई को चुनाव) के नतीजे आज यह तय कर देंगे कि क्या ममता बनर्जी लगातार चौथी बार राज्य की कमान संभालेंगी या फिर 2026 बंगाल में ‘परिवर्तन’ का साल साबित होगा। फिलहाल डाक मतपत्रों की गिनती जारी है और जल्द ही ईवीएम के रुझान आने शुरू हो जाएंगे।














